/bansal-news/media/media_files/2026/02/09/fdsssdsdss-2026-02-09-17-08-18.jpg)
Rikesh Sen Health Scheme: छत्तीसगढ़ के भिलाई में स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत करने की दिशा में विधायक रिकेश सेन ने एक अहम कदम उठाया गया है। रिकेश सेन ने गर्भवती महिलाओं और गंभीर रोगियों के लिए सिर्फ 1 रुपये में सोनोग्राफी और डायलिसिस सुविधा शुरू करने की घोषणा की है।
इस योजना की औपचारिक शुरुआत महाशिवरात्रि के पावन अवसर से की जाएगी। विधायक का कहना है कि यह पहल आर्थिक तंगी से जूझ रही माताओं और जरूरतमंद मरीजों के लिए संजीवनी साबित होगी।
गर्भवती महिलाओं को मिलेगा सीधा लाभ
इस योजना का लाभ विशेष रूप से वैशाली नगर क्षेत्र की गर्भवती महिलाओं को मिलेगा। अब तक कई महिलाओं को महंगी जांचों के कारण समय पर सोनोग्राफी नहीं करा पाने की समस्या से जूझना पड़ता था।
नई व्यवस्था के तहत मात्र 1 रुपये में सोनोग्राफी सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी, जिससे गर्भावस्था के दौरान जरूरी जांच समय पर हो सकेगी और जटिलताओं की पहचान पहले ही की जा सकेगी।
1 रुपये में डायलिसिस से गंभीर मरीजों को राहत
सिर्फ गर्भवती महिलाएं ही नहीं, बल्कि किडनी रोग से पीड़ित जरूरतमंद मरीजों को भी इस पहल से बड़ा फायदा मिलने वाला है। विधायक रिकेश सेन ने घोषणा की है कि 1 रुपये में डायलिसिस सुविधा भी इसी योजना के तहत शुरू की जाएगी।
डायलिसिस जैसी महंगी प्रक्रिया कई गरीब परिवारों की पहुंच से बाहर होती है। इस योजना के लागू होने से ऐसे मरीजों को नियमित इलाज मिल सकेगा और उन्हें आर्थिक बोझ से राहत मिलेगी।
आर्थिक तंगी से जूझ रही माताओं के लिए बड़ा सहारा
रिकेश सेन ने कहा कि आज भी समाज का एक बड़ा वर्ग ऐसा है, जहां आर्थिक मजबूरी के कारण महिलाएं जरूरी स्वास्थ्य जांच नहीं करा पातीं। इसका सीधा असर मां और बच्चे दोनों के स्वास्थ्य पर पड़ता है।
उन्होंने स्पष्ट किया कि यह योजना सिर्फ एक सरकारी घोषणा नहीं, बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी का हिस्सा है। उनका मानना है कि अगर मां स्वस्थ होगी, तो बच्चा भी स्वस्थ होगा और यही एक मजबूत समाज की नींव है।
“स्वस्थ माताएं, स्वस्थ समाज” के संकल्प के साथ पहल
योजना को लेकर विधायक रिकेश सेन ने कहा, “स्वस्थ माताएं ही स्वस्थ समाज का निर्माण करती हैं। हमारी कोशिश है कि किसी भी महिला को पैसों की कमी के कारण जरूरी जांच या इलाज से वंचित न रहना पड़े।”
उन्होंने बताया कि इस योजना को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाया जाएगा और जरूरत पड़ने पर अन्य स्वास्थ्य सेवाओं को भी इसमें जोड़ा जाएगा।
स्वास्थ्य क्षेत्र में सकारात्मक संदेश
स्थानीय लोगों और सामाजिक संगठनों ने इस पहल का स्वागत किया है। उनका कहना है कि यह योजना न सिर्फ स्वास्थ्य सेवाओं को सुलभ बनाएगी, बल्कि सरकारी और जनप्रतिनिधियों की सामाजिक संवेदनशीलता को भी दर्शाएगी।
विशेषज्ञों के अनुसार, अगर इस तरह की योजनाएं प्रभावी ढंग से लागू होती हैं, तो मातृ मृत्यु दर और गंभीर बीमारियों से होने वाली जटिलताओं में कमी लाई जा सकती है।
आने वाले समय में विस्तार की संभावना
विधायक कार्यालय के सूत्रों के मुताबिक, भविष्य में इस योजना के दायरे को और बढ़ाने पर भी विचार किया जा रहा है, ताकि अधिक से अधिक जरूरतमंद लोग इसका लाभ उठा सकें। फिलहाल महाशिवरात्रि से इसकी शुरुआत कर भिलाई और वैशाली नगर क्षेत्र में इसे पायलट प्रोजेक्ट के रूप में लागू किया जाएगा।
यह भी पढ़ें: महाशिवरात्रि पर शिवजी को चढ़ाएं घर के बने भांग के लड्डू
/bansal-news/media/agency_attachments/2025/12/01/2025-12-01t081847077z-new-bansal-logo-2025-12-01-13-48-47.png)
Follow Us