/bansal-news/media/media_files/2026/02/17/up-expressway-corridor-bareilly-agra-jhansi-lalitpur-corridor-approved-yogi-govt-hindi-zxc-2026-02-17-11-49-33.png)
UP Expressway Corridor: उत्तर प्रदेश में रोड कनेक्टिविटी को नई रफ्तार देने की दिशा में योगी सरकार ने बड़ा फैसला लिया है। सरकार ने 547 किमी लंबे बरेली-आगरा-झांसी-ललितपुर कॉरीडोर को मंजूरी दे दी है। ये कॉरीडोर लगभग 7 हजार करोड़ रुपए की लागत से बनेगा। ये प्रोजेक्ट उत्तर प्रदेश के सभी 7 प्रमुख एक्सप्रेस वे को जोड़ने का काम करेगा और कनेक्टिविटी भी मजबूत करेगा। Bareilly Agra Jhansi Lalitpur Corridor
उत्तर से दक्षिण तक जुड़ेगा उत्तर प्रदेश
प्रदेश सरकार ने बरेली-आगरा-झांसी-ललितपुर को जोड़ने वाले 547 किमी लंबे कॉरिडोर को मंजूरी दे दी है। इस परियोजना के पूरे होने के बाद उत्तर प्रदेश से दक्षिण दिशा में मजबूत रोड नेटवर्क से जुड़ जाएगा। इसके साथ ही व्यापार और औद्योगिक गतिविधियों को भी नई गति मिलेगी। Uttar Pradesh Expressway News
सात एक्सप्रेसवे होंगे आपस में कनेक्ट
इस कॉरिडोर के जरिए प्रदेश के 7 मोस्ट इंपॉर्टेंट एक्सप्रेस वे और हाई वे आपस में जुड़ जाएंगे। बरेली में ये एक्सप्रेस वे शामली-गोरखपुर एक्सप्रेसवे से जुड़ेगा, जिसे पहले ही स्वीकृति मिल चुकी है। गोरखपुर-पानीपत एक्सप्रेस वे नवाबगंज और बहेड़ी इलाके से होकर गुजरेगा। इससे बरेली जिले के 68 गांव जुड़ेगे। सरकार की योजना है कि मौजूदा फोर लेन सड़कों का उपयोग करते हुए कई हिस्सो में अपग्रेडेशन किया जाए, ताकि लागत और समय दोनों की बचत की जा सके।
गंगा और यमुना एक्सप्रेसवे से भी बनेगा लिंक
इस योजना में गंगा एक्सप्रेस वे बरेली-मथुरा हाई वे से जोड़ा जाएगा। इसी तरह यमुना एक्सप्रेस वे को भी इस नेटवर्क का हिस्सा बनाया जाएगा। इससे पूर्वांचल, बुंदेलखंड और NCR रीजन भी जुड़ेगा। ये नेटवर्क प्रदेश में एक विशाल नॉर्थ-साउथ कॉरिडोर का रूप लेगा।
ये भी पढ़ें - JEE Mains result 2026: जेईई मेन 2026 सेशन 1 रिजल्ट ऐसे करें चेक, एनटीए की वेबसाइट पर जारी हुआ परिणाम
7000 करोड़ की लागत, पांच साल में लक्ष्य
योगी सरकार ने इस परियोजना के लिए 7 हजार करोड़ रुपए का बजट तय किया है। ये परियोजना उन 6 नए नॉर्थ-साउथ कॉरिडोर का अहम हिस्सा है, जिन्हे लोक निर्माण विभाग मे अंतिन रूप दिया है। सरकार ने अगले 5 सालों में सभी प्रमुख एक्सप्रेस वे और हाई वे को एक-दूसरे से जोड़ने का लक्ष्य रखा है।
ये भी पढ़ें - Supreme Court: शादी से पहले शारीरिक संबंधों पर सुप्रीम कोर्ट की सख्त टिप्पणी - लड़का-लड़की एक-दूसरे के लिए अजनबी, आंख मूंदकर भरोसा न करें
व्यापार, रोजगार और क्षेत्रीय विकास को मिलेगा बढ़ावा
इस सड़क नेटवर्क के मजबूत होने से लॉजिस्टिक्स (Logistics), उद्योग और कृषि क्षेत्र को बड़ा लाभ मिलने की संभावना है। यात्रा समय कम होने से माल ढुलाई आसान होगी और नए निवेश के रास्ते खुलेंगे। जानकारों का मानना है कि इससे रुहेलखंड और बुंदेलखंड जैसे पिछड़े क्षेत्रों का तेजी से विकास होगा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अगुवाई में सरकार इस परियोजना को तेजी से लागू करने की तैयारी में जुटी है, ताकि उत्तर प्रदेश को इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में नई पहचान मिल सके।
ये भी पढ़ें - Gorakhpur Police Accident: पेड़ से टकराई पुलिस की स्कार्पियो, दरोगा की मौत, 5 पुलिसकर्मी घायल, हाईवे पर ड्राइवर को आई थी झपकी
/bansal-news/media/agency_attachments/2025/12/01/2025-12-01t081847077z-new-bansal-logo-2025-12-01-13-48-47.png)
Follow Us