कर्मचारियों की गैरहाजिरी पर गरियाबंद कलेक्टर सख्त : 9 अधिकारी-कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस, वेतन कटौती के निर्देश

गरियाबंद कलेक्टर बीएस उइके ने नववर्ष पर संयुक्त जिला कार्यालय का औचक निरीक्षण किया। अनुपस्थित पाए गए 9 अधिकारी-कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने और सैलरी काटने के निर्देश दिए गए। निरीक्षण से प्रशासनिक अनुशासन का सख्त संदेश गया।

Gariaband Collector Action

Gariaband Collector Action

Gariaband Collector Action: नववर्ष के पहले ही दिन गरियाबंद कलेक्टर बीएस उइके ने संयुक्त जिला कार्यालय का औचक निरीक्षण कर शासकीय अमले को कड़ा संदेश दिया। निरीक्षण के दौरान कई विभागों में अधिकारी और कर्मचारी कार्यालयीन समय में अनुपस्थित पाए गए, जिस पर कलेक्टर ने नाराजगी जताते हुए 9 अधिकारियों-कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने और उनकी सैलरी काटने के निर्देश दिए।

खाद्य से लेकर लोक सेवा केंद्र तक निरीक्षण

कलेक्टर उइके ने खाद्य, श्रम, योजना एवं सांख्यिकी, खनिज, निर्वाचन शाखा, पीएमजीएसवाय, शिक्षा, आबकारी, महिला एवं बाल विकास, आदिवासी विकास, उद्यानिकी विभाग और लोक सेवा केंद्र सहित विभिन्न शाखाओं का निरीक्षण किया। उन्होंने कर्मचारियों की उपस्थिति, फाइलों के संधारण, कार्यालय की स्वच्छता और कार्यप्रणाली का जायजा लिया।

बिना सूचना अनुपस्थिति पर सख्ती

निरीक्षण के दौरान बिना पूर्व सूचना के अनुपस्थित पाए गए शासकीय सेवकों पर कलेक्टर ने सख्त रुख अपनाया। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि कार्यालयीन समय में गैरहाजिरी बर्दाश्त नहीं की जाएगी। ऐसे कर्मचारियों को कारण बताओ नोटिस जारी करने के साथ-साथ वेतन कटौती की कार्रवाई भी की जाएगी।

कलेक्टर ने चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों को निर्धारित ड्रेस में ही कार्यालय आने के निर्देश दिए। साथ ही जिला अधिकारियों को अपने अधीनस्थ कार्यालयों में समयपालन सुनिश्चित कराने के लिए जिम्मेदारी सौंपी। उन्होंने कहा कि शासन की मंशा के अनुरूप सभी शासकीय सेवकों को तय समय पर कार्यालय में उपस्थित रहकर अपने दायित्वों का निर्वहन करना होगा।

ये भी पढ़ें:  छत्तीसगढ़ औद्योगिक विकास नीति में बड़े बदलाव: EPF अनुदान का दायरा बढ़ा, शिक्षा, स्वास्थ्य और होटल सेक्टर को मिलेगा बढ़ावा

फाइलों की व्यवस्था और सफाई के निर्देश

निरीक्षण के दौरान कलेक्टर ने नस्तियों के व्यवस्थित संधारण, पुराने और अनुपयोगी फाइलों के डिस्पोजल तथा आलमारियों में रजिस्टर और दस्तावेज क्रमबद्ध रखने के निर्देश दिए। प्रत्येक अलमारी पर फाइल सूची चिपकाने को भी कहा, ताकि कार्य के दौरान फाइलें आसानी से उपलब्ध हो सकें।

ये भी पढ़ें:  JP Nadda Controversy: झीरम हत्याकांड पर जेपी नड्डा के बयान से विवाद, PCC ने थाने पहुंचकर FIR की मांग की

केंटीन और लोक सेवा केंद्र पर भी नजर

महिला स्व-सहायता समूह द्वारा संचालित भुतेश्वर नाथ कैंटीन के रसोई कक्ष का निरीक्षण कर साफ-सफाई और गुणवत्तापूर्ण भोजन बनाने के निर्देश दिए गए। वहीं लोक सेवा केंद्र में आधार सुधार के लिए आई दो स्कूली छात्राओं की समस्या को प्राथमिकता से हल करने के निर्देश भी कलेक्टर ने दिए।

कलेक्टर बीएस उइके के इस औचक निरीक्षण से जिला कार्यालयों में प्रशासनिक अनुशासन को लेकर स्पष्ट संदेश गया है कि लापरवाही और अनुशासनहीनता पर अब सख्त कार्रवाई तय है।

ये भी पढ़ें:  छत्तीसगढ़: टेकापार गांव के पास खेत में मिला पुलिस आरक्षक का शव, बालोद में सनसनी; मुंगेली में भी संदिग्ध हालात में ग्रामीण की मौत

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article