Advertisment

HC on UP School Merger: हाइकोर्ट में यूपी सरकार की दलील- 50 से कम बच्चों के स्कूल विलय नहीं, दूरी 1 किमी तक ही होगी

HC on UP School Merger: उत्तर प्रदेश सरकार ने परिषदीय स्कूलों के विलय पर बड़ा फैसला लिया है। अब 50 से कम बच्चों वाले स्कूल बंद या मर्ज नहीं होंगे और छात्रों को नजदीकी विद्यालय में पढ़ाई की सुविधा मिलेगी।

author-image
Shaurya Verma
up-parishadiya-school-50-students-merger-High Court next hearing 1 september hindi news zxc

हाइलाइट्स

  • यूपी में 50 से कम बच्चों वाले स्कूलों का विलय नहीं होगा
  • प्राथमिक स्कूल 1 किमी से ज्यादा दूर नहीं होंगे
  • हाईकोर्ट में अगली सुनवाई 1 सितंबर को होगी
Advertisment

HC on UP School Merger: उत्तर प्रदेश सरकार ने परिषदीय स्कूलों (UP Parishadiya Schools) के विलय को लेकर बड़ा ऐलान किया है। अब प्रदेश में 50 से कम बच्चों वाले स्कूलों का विलय (School Merger in UP) नहीं होगा। साथ ही, किसी भी प्राथमिक विद्यालय की दूरी बच्चों के लिए एक किलोमीटर से ज्यादा नहीं होगी। यह फैसला सरकार ने इलाहाबाद हाईकोर्ट (Allahabad High Court) की लखनऊ खंडपीठ में दायर विशेष अपीलों पर हुई सुनवाई के दौरान दिया।

हाईकोर्ट में सरकार का जवाब

गुरुवार को मुख्य न्यायमूर्ति अरुण भंसाली और न्यायमूर्ति जसप्रीत सिंह की खंडपीठ के समक्ष राज्य सरकार ने हलफनामा दाखिल कर स्पष्ट किया कि अब 50 से कम विद्यार्थियों वाले प्राथमिक विद्यालयों का विलय या पेयरिंग नहीं की जाएगी।

राज्य सरकार के अपर महाधिवक्ता अनुज कुदेसिया ने अदालत को बताया कि सरकार का यह नया निर्णय प्रदेश के सभी बेसिक शिक्षा अधिकारियों (BSA) को भेज दिया गया है और आगे की कार्रवाई इसी आधार पर की जा रही है। इस मामले में अब अगली सुनवाई 1 सितंबर 2025 को होगी।

Advertisment

कोर्ट का पूर्व आदेश और पृष्ठभूमि

24 जुलाई 2025 को हाईकोर्ट ने स्कूलों के विलय प्रक्रिया में सामने आई अनियमितताओं को देखते हुए सीतापुर जिले के स्कूलों पर यथास्थिति (Status Quo) बनाए रखने का आदेश दिया था।

अदालत ने यह भी स्पष्ट किया था कि यह केवल अंतरिम आदेश है और इससे राज्य सरकार की नीति की मेरिट पर कोई टिप्पणी नहीं की गई है।

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार द्वारा प्रस्तुत कुछ दस्तावेजों में गंभीर गड़बड़ियां सामने आई थीं, जिस पर कोर्ट ने स्पष्टीकरण मांगा और तब तक के लिए स्थिति बरकरार रखने को कहा था।

Advertisment

विशेष अपीलें और याचिकाएं

पहली विशेष अपील सीतापुर के 5 बच्चों ने अपने अभिभावकों के माध्यम से दायर की थी।

दूसरी अपील भी वहीं के 17 बच्चों ने दाखिल की।

इन अपीलों में 7 जुलाई को एकल पीठ द्वारा दिए गए आदेश को चुनौती दी गई, जिसमें स्कूलों के विलय से जुड़ी याचिकाओं को खारिज कर दिया गया था।

याचियों की ओर से वरिष्ठ अधिवक्ता डॉ. एलपी मिश्र और अधिवक्ता गौरव मेहरोत्रा ने पैरवी की। जबकि राज्य सरकार की ओर से अपर महाधिवक्ता अनुज कुदेसिया और मुख्य स्थायी अधिवक्ता शैलेंद्र कुमार सिंह ने बहस की।

Advertisment

16 जून का सरकारी आदेश

गौरतलब है कि 16 जून 2025 को बेसिक शिक्षा विभाग ने आदेश जारी किया था, जिसमें कम बच्चों वाले प्राथमिक विद्यालयों को उच्च प्राथमिक या कंपोजिट स्कूलों में मर्ज करने का प्रावधान किया गया था। इसी आदेश को चुनौती देते हुए कई याचिकाएं दाखिल की गई थीं।

राहत की खबर 

उत्तर प्रदेश सरकार का यह निर्णय परिषदीय स्कूलों (UP Parishadiya School Merger) के लाखों बच्चों और उनके अभिभावकों के लिए राहत भरा है। अब छोटे स्कूलों का मनमाने ढंग से विलय नहीं होगा और बच्चों को नजदीकी स्कूल में ही पढ़ाई की सुविधा मिलेगी। हाईकोर्ट में इस मामले पर अगली सुनवाई 1 सितंबर को होगी, जिसमें सरकार के नए फैसले की कानूनी वैधता पर भी चर्चा होगी।

GST Reforms 2025: GST दरों में बड़ा बदलाव! 5% और 18% स्लैब को GoM की मंजूरी, यह चीजें होंगी सस्ती, देखें लिस्ट

Advertisment

GST Reforms 2025 gst-reforms-2025-two-slab-5-18-percent-luxury-items-40-percent-tax

जीएसटी काउंसिल (GST Council) में जल्द ही बड़ा फैसला होने जा रहा है। अभी जीएसटी चार स्लैब – 5%, 12%, 18% और 28% – में बंटा हुआ है। लेकिन अब ग्रुप ऑफ मिनिस्टर्स (GoM) ने दो स्लैब पर सहमति जताई है। इसमें 5% और 18% के स्लैब रहेंगे, जबकि लग्जरी आइटम्स पर 40% टैक्स लगाने का प्रस्ताव है। इसका सीधा असर आम जनता पर पड़ेगा, क्योंकि रोजमर्रा के सामान पहले से सस्ते हो जाएंगे। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें 

Uttar Pradesh School Merger News UP School Merger UP Parishadiya Schools UP Parishad Schools UP Government Decision on School Merger Sitapur School Merger HC on UP School Merger: Basic Shiksha Vibhag UP Allahabad High Court
Advertisment
चैनल से जुड़ें