Advertisment

Sheopur News: अस्पताल में ढाई साल के बच्चे को लग रहा था एक्सपायरी इंजेक्शन, पिता की सर्तकता से बची जान

author-image
Kushagra valuskar
Sheopur News: अस्पताल में ढाई साल के बच्चे को लग रहा था एक्सपायरी इंजेक्शन, पिता की सर्तकता से बची जान

(रिपोर्ट- नितिन सिंह सोलंकी)

Sheopur News: जयपुर के एपेक्स अस्पताल से एक बड़ी लापरवाही सामने आई है। जहां एक ढाई साल के बच्चे को एक्सपायरी इंजेक्शन देने की कोशिश का मामला सामने आया है। हालांकि पिता के सुझबुझ से डॉक्टर नाबालिक को इंजेक्शन नहीं लगा पाए।

Advertisment

श्योपुर के जीतू मंगल ने बताया कि अपने शुक्रवार को अपने बेटे को एपेक्स अस्पताल में भर्ती कराया था। मेरा बच्चा बर्न केस में एडमिट हुआ था। शाम को अस्पताल वाले बच्चे को इंजेक्शन लगाने वाले थे। मैंने देखा तो इंजेक्शन एक्सपायरी डेट का था।

publive-image

दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग

publive-image

उन्होंने कहा कि इंजेक्शन अप्रैल 2024 में एक्सपायर्ड हो गया है। यदि मेरे बच्चे को कुछ हो जाता तो उसका जिम्मेदार कौन होता। इस मामले में बच्चे के पिता ने दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।

देहात थाना क्षेत्र में चंबल नदी से लगातार निकाली जा रही है रेत

आमल्दा और जलालपुरा क्षेत्र में अवैध रेत का कारोबार अभी भी थमने का नाम नहीं ले रहा है। देहात क्षेत्र में दिन के उजाले हो या रात का अंधेरा अवैध रेत से लेट ट्रैक्टर ट्राली सरेआम देखी जा सकती है।

Advertisment

श्योपुर जिले के देहात थाना क्षेत्र के आमल्दा और जलालपुरा गांव से अंतर्गत आने वाली पार्वती नदी से अवैध रेत का कारोबार शुरू हो जाता है और सुबह होने तक ट्रैक्टर ट्रॉली रेत लेकर सरपट दौड़ लगाते रहते हैं। बताया जाता है कि देहात क्षेत्र में रेत के अवैध कारोबार में देहात थाने के कुछ खास सिपह सलारो के और रेत माफियाओं के बीच अच्छी साठ-गाठ है।

पुलिस की मिली भगत से बढ़ रहा कारोबार

ट्रैक्टरों के हिसाब से मैनेजमेंट चल रहा है। वहीं, देहात थाना पुलिस की मिली भगत से अवैध रेत का कारोबार खूब फल फूल रहा है। बताया जाता है कि पुलिस प्रशासन द्वारा अवेध रेत उत्खनन पर अंकुश लगाने में दिखावे के लिए भी कोई कार्रवाई नहीं की जाती है।

publive-image

देहात थाना क्षेत्र में प्रतिदिन काफी संख्या में ट्रैक्टर ट्राली अवैध रेत परिवहन करते नजर आते हैं लेकिन पुलिस प्रशासन द्वारा दिखावे के लिए भी एक ट्रैक्टर ट्राली के खिलाफ कोई कार्रवाई की जिम्मेदारी भी नही निभाई जाती है।

Advertisment

इसी कारण अवैध रूप से रेत माफिया अवैध रेत का कारोबार करने में सफल हो रहा है। आए दिन अवैध रेत का परिवहन कर रहे ट्रैक्टर सड़कों पर बेकोफ दौड़ रहे है और सड़क पर बिना किसी डर के स्पीड से दौड़ते नजर आते है।

यह भी पढ़ें-

मऊगंज से चौंकाने वाला मामला: शादी के पहले हो गया दो बच्चों का जन्म, मार्कशीट देख पिता ने पकड़ा सर

पूर्व आरटीओ आरक्षक के यहां 17 घंटे चली रेड: टाइल्स उखाड़कर निकाली 200 चांदी की सिल्लियां, जंगल में मिली कार दोस्त की…

Advertisment
sheopur news MP news expired injection apex hospital
Advertisment
चैनल से जुड़ें