Advertisment

MP Katni News: कलेक्टर ने ठेकेदार को लीज पर दे दी तीन गांवों की जमीन, गांव का एक मात्र रास्ता बंद, HC में सुनवाई आज

MP Katni News: कलेक्टर ने ठेकेदार को लीज पर दे दी तीन गांवों की जमीन, गांव का एक मात्र रास्ता बंद, HC में सुनवाई आज mp-katni-collector-ashish-tiwari-contractor-tilakraj-grover-jabalpur-high-court-hindi-news-pds

author-image
Preeti Dwivedi
MP Katni News: कलेक्टर ने ठेकेदार को लीज पर दे दी तीन गांवों की जमीन, गांव का एक मात्र रास्ता बंद, HC में सुनवाई आज

MP katni Village Road Vivad: कटनी जिले में बरही तहसील के तीन गांवों की सड़क को लेकर बड़ा विवाद सामने आया है। दरअसल, कलेक्टर ने करौंदी खुर्द, कन्नौर और बिचपुरा गांवों को जोड़ने वाली इस सड़क को एक ठेकेदार को लीज पर दे दिया। इसके बाद ठेकेदार ने उस रास्ते पर गिट्टी डंप करना शुरू कर दिया, जिससे ग्रामीणों की आवाजाही पूरी तरह बाधित हो गई।

Advertisment

ग्रामीणों ने पहले प्रशासन से सड़क खुलवाने की गुहार लगाई, लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर उन्होंने मध्य प्रदेश हाईकोर्ट का दरवाजा खटखटाया। कोर्ट ने मामले को गंभीरता से लेते हुए जिला प्रशासन को तुरंत सड़क खोलने के निर्देश दिए, लेकिन आदेश के बावजूद रास्ता नहीं खोला गया।

इसके बाद अदालत ने सख्त रुख अपनाया और राज्य सरकार, कटनी कलेक्टर आशीष तिवारी तथा ठेकेदार तिलकराज ग्रोवर को नोटिस जारी किया। कोर्ट ने तीनों को 10 नवंबर को व्यक्तिगत रूप से पेश होकर जवाब देने का आदेश दिया है।

तीनों गांवों के बीच आवागमन का एकमात्र रास्ता

दरअसल, यह सड़क बरही तहसील के तीनों गांवों के बीच आवागमन का एकमात्र रास्ता है। खनन कार्य के बाद डंपिंग के लिए प्रशासन ने इसे ठेकेदार को लीज पर दे दिया था। 1 जुलाई 2025 को खनिज विभाग की रिपोर्ट के आधार पर कलेक्टर ने ग्राम कन्नौर स्थित खसरा नंबर 861 की लगभग 65 हेक्टेयर जमीन को मात्र 300 रुपये वार्षिक किराए पर ठेकेदार को सौंप दिया था।

Advertisment

यह जमीन कई सालों से ग्रामीणों द्वारा कच्ची सड़क के रूप में इस्तेमाल की जा रही थी और राजस्व रिकॉर्ड में भी इसे रास्ते के रूप में दर्ज किया गया है। प्रशासन द्वारा इस सार्वजनिक मार्ग को डंपिंग साइट में बदलने के फैसले से लोग नाराज हो गए। उन्होंने इसकी शिकायत भी कलेक्टर से की, लेकिन कोई कार्रवाई न होने पर न्यायालय की शरण ली।

याचिकाकर्ता संदीप जायसवाल ने 16 सितंबर को हाईकोर्ट में याचिका दाखिल की थी। 27 सितंबर को सुनवाई के दौरान अदालत ने उनसे उस जगह के फोटो मांगे, जहां रास्ता बंद किया गया था। 13 अक्टूबर को अगली सुनवाई में फोटो देखने के बाद कोर्ट ने जिला प्रशासन को तुरंत सड़क खोलने का निर्देश दिया। फिर भी आदेश लागू नहीं हुआ, जिसके चलते 4 नवंबर को अवमानना याचिका दायर की गई।

पूरी तरह से रोक दिया गया डंपिंग का काम

publive-image

मुख्य न्यायाधीश संजीव सचदेवा और न्यायमूर्ति विनय सराफ की डिवीजन बेंच ने सुनवाई करते हुए कहा कि यह मामला जनता के अधिकारों से जुड़ा है और यदि कोर्ट के आदेशों का पालन नहीं किया गया, तो यह गंभीर अवमानना होगी। अदालत ने स्पष्ट कहा कि किसी भी सार्वजनिक मार्ग को निजी व्यक्ति या संस्था के लाभ के लिए नहीं सौंपा जा सकता।

Advertisment

कोर्ट ने चेतावनी दी कि यदि कलेक्टर और ठेकेदार का जवाब संतोषजनक नहीं पाया गया, तो कठोर कार्रवाई की जाएगी। फिलहाल कोर्ट के आदेश से ग्रामीणों को राहत मिली है और सड़क पर डंपिंग का काम पूरी तरह से रोक दिया गया है।

यह भी पढ़ें: MP Weather Update: मध्यप्रदेश में कोल्ड वेव, 5 शहरों में 10 डिग्री से नीचे पहुंचा तापमान, अब कोहरा भी बढ़ेगा

mp katni news katni contractor tilakraj grover katni collector ashish tiwari Jabalpur High Court hindi news
Advertisment
चैनल से जुड़ें