GST Return: GST रिटर्न एडिट नहीं कर पाएंगे टैक्सपेयर, व्यापारियों की बढ़ेगी परेशानी

GST Return:फेक जीएसटी रिटर्न भरने वालों पर लगाम लगाने के लिए सरकार कुछ बड़े बदलाव करने जा रही है. इसका असर आम टैक्सपेयर पर भी होगा.

GST Return: GST रिटर्न एडिट नहीं कर पाएंगे टैक्सपेयर, व्यापारियों की बढ़ेगी परेशानी

 हाइलाइट्स

  • एक बार भरने के बाद एडिट नहीं होगा रिटर्न
  • 1 अप्रैल से  जीएसटी पोर्टल से हटेगा ऑप्शन
  • जीएसटी चोरी से बचाव के लिए  सरकार का फैसला

GST Return: फेक जीएसटी रिटर्न भरने वालों पर लगाम लगाने के लिए सरकार कुछ बड़े बदलाव करने जा रही है. इन बदलावों का असर GST Return भरने वाले टैक्स ईमानदार टैक्सपेयर पर भी हो सकते हैं. सरकार अब जीएसटी रिटर्न (GST Return) फॉर्म में अमेंडमेंट या एडिट करने की फैसिलिटी बंद कर सकती है. साथ ही सरकार फ्रॉड करने वालों पर एआई (AI) टूल से नजर भी रख रही है. 

 व्यापारियों की की बढ़ सकती है परेशानी

जांच एजेंसियों ने एडिट फैसिलिटी के बड़े पैमाने पर दुरुपयोग की बात सामने रखी थी.चालू वित्त वर्ष में 18 हजार करोड़ के फर्जी इनपुट मामले सामने आए हैं. सरकार ने कुछ समय पहले ही जीएसटी के जिसटी रिटर्न(GST Return) के फॉर्म GSTR 1 में एडिट करने की सुविधा शुरू की थी. यह सुविधा  GSTR 3B में ITC यानी इनपुट टैक्स क्रेडिट के क्लेम को एडिट करने के लिए भी थी. अब सरकार इसे बंद कर सकती है. जिससे व्यापारियों के लिए समस्या बढ़ जाएगी.

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1 अप्रैल से जीएसटी पोर्टल से हटेगा एडिट ऑप्शन

केंद्रीय रेवन्यू सेक्रेटरी संजय मल्होत्रा ने बताया कि  इस महीने के अंत तक इस निर्णय को जीएसटी कांउसिल में रखा जाएगा. काउंसिल के फैसले के बाद 1 अप्रैल से जीएसटी पोर्टल से रिटर्न में एडिट करने के ऑप्शन को हटा लिया जाएगा. 

44 हजार करोड़ की जीएसटी चोरी

दरअसल जांच एजेंसियों ने पिछले साल से अबतक 44 हजार करोड़ की जीएसटी चोरी  का खुलासा किया था. साथ ही 29,273 कंपनियों का भी पता चला है.जिनके जरिए जीएसटी के फर्जी इन्वॉइस करके जीएसटी चोरी की गई थी.

अब इसे रोकने के लिए सरकार एडिट ऑप्शन को हटाने जा रही है. हालांकि इससे व्यापारियों और ईमानदार टैक्सपेयर के लिए भी समस्या बढ़ जाएगी. क्योंकि जीएसटी भरने के दौरान हुई मामूली गलतियों में भी सुधार नहीं किया जा सकेगा.  

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