Advertisment

Gaj Utsav 2023: दो दिवसीय गज उत्सव 2023 आज से शुरू ! प्रोजेक्ट एलीफैंट के पूरे हुए 30 साल

आज 7 अप्रैल से असम के काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में गज उत्सव का आयोजन किया जा रहा है जिसकी शुरूआत के साथ ही यह आयोजन केंद्रीय पर्यावरण और वन मंत्रालय द्वारा हाथी प्रोजेक्ट के 30 साल पूरे होने पर हुई।

author-image
Bansal News
Gaj Utsav 2023: दो दिवसीय गज उत्सव 2023 आज से शुरू ! प्रोजेक्ट एलीफैंट के पूरे हुए 30 साल

असम  Gaj Utsav 2023 आज 7 अप्रैल से असम के काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में गज उत्सव का आयोजन किया जा रहा है जिसकी शुरूआत के साथ ही यह आयोजन केंद्रीय पर्यावरण और वन मंत्रालय द्वारा हाथी प्रोजेक्ट के 30 साल पूरे होने का जश्न मनाने और संरक्षण प्रयासों को बढ़ावा देने के लिए किया जा रहा है। जिसका अंतिम दिन 9 अप्रैल है। इस आयोजन की शुरूआत देश की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने किया है।

Advertisment

जानें गज उत्सव की बात 

आपको बताते चलें कि, इस उत्सव का मुख्य उद्देश्य हाथी संरक्षण को बढ़ावा देना है. इसके साथ ही मानव और हाथी के बीच होने वाले संघर्ष को भी रोकना है। आपको बताते चलें कि, इस गज महोत्सव का आयोजन 7 अप्रैल और 8 अप्रैल को केंद्रीय पर्यावरण और वन मंत्रालय द्वारा किया जा रहा है। गज उत्सव 2023 के दौरान पर्यटकों के लिए काजीरंगा राष्ट्रीय उद्यान में जीप और हाथी सफारी दो दिनों तक बंद रहेगी. कोहोरा, बागोरी, बुरापहाड़ और अगोराटोली सहित राष्ट्रीय उद्यान की सभी रेंजों में सफारी बंद रहेंगी। बताया जा रहा है कि, आयोजन का मुख्य स्थान काजीरंगा नेशनल पार्क रहा जो असम के गोलाघाट और नागांव क्षेत्र में स्थित है. यह असम का सबसे पुराना उद्यान है जो उत्तर में ब्रह्मपुत्र नदी के किनारे और दक्षिण में कार्बी आंगलोंग पहाड़ियों के पास 430 वर्ग किलोमीटर के क्षेत्र में फैला हुआ है. यह राष्ट्रीय उद्यान एक सींग वाले गैंडों के लिए दुनियाभर में प्रसिद्ध है।

जानिए क्या बोली राष्ट्रपति मुर्मू

आपको बताते चलें कि, इस आयोजन के मौके पर राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि, गज-उत्सव का उद्घाटन करके मुझे बहुत प्रसन्नता हो रही है। भारत सरकार द्वारा प्रायोजित ‘Project Elephant’ के 30 वर्ष सम्पन्न हो गए हैं। उस महत्वपूर्ण project से जुड़े इस उत्सव के आयोजन के लिए केंद्र सरकार के ‘पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय’ तथा असम सरकार के ‘वन विभाग’ के सभी कर्मचारियों और अधिकारियों की मैं सराहना करती हूं।

Advertisment

हाथी प्रोजेक्ट पर कही बात

यहां पर हाथी प्रोजेक्ट को लेकर कहा कि, हाथियों की सुरक्षा करना, उनके natural habitats का संरक्षण करना तथा elephant corridors को बाधा-रहित बनाए रखना ‘Project Elephant’ के प्रमुख उद्देश्य हैं। साथ ही, ‘Human-Elephant Conflict’ से जुड़ी समस्याओं का समाधान करना इस प्रोजेक्ट का लक्ष्य भी है और चुनौती भी। ये सभी उद्देश्य एक दूसरे से जुड़े हुए हैं। Captive elephants के हित में कार्य करना भी ‘Project Elephant’ का उद्देश्य है।

पढ़ें ये खबर भी -https://bansalnews.com/gaj-utsav-2023-%e0%a4%9c%e0%a4%be%e0%a4%a8%e0%a4%bf%e0%a4%8f-%e0%a4%ad%e0%a4%be%e0%a4%b0%e0%a4%a4%e0%a5%80%e0%a4%af-%e0%a4%b9%e0%a4%be%e0%a4%a5%e0%a5%80-%e0%a4%94%e0%a4%b0-%e0%a4%85%e0%a4%ab%e0%a5%8d%e0%a4%b0%e0%a5%80%e0%a4%95%e0%a4%a8-%e0%a4%b9%e0%a4%be%e0%a4%a5%e0%a5%80-%e0%a4%ae%e0%a5%87%e0%a4%82-%e0%a4%95%e0%a5%8d%e0%a4%af%e0%a4%be-%e0%a4%85%e0%a4%82%e0%a4%a4%e0%a4%b0-%e0%a4%b9%e0%a5%8b%e0%a4%a4%e0%a4%be-%e0%a4%b9%e0%a5%88/

गज उत्सव 2023 Project Eliphant gaj utsav kaziranga national park gaj utsav assam gaj utsav 2023 droupadi murmu president inaugurates gaj utsav 2023
Advertisment
चैनल से जुड़ें