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MP के PWD मंत्री के नाम से बनी फेक फेसबुक ID: मंत्री राकेश सिंह ने साइबर सेल से की शिकायत, पैसों की कर रहे थे डिमांड

Cyber Fraud: मध्यप्रदेश में साइबर क्राइम करने वाले लोगों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं. अब एमपी के एक और मंत्री को टारगेट किया है.

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Rohit Sahu
MP के PWD मंत्री के नाम से बनी फेक फेसबुक ID: मंत्री राकेश सिंह ने साइबर सेल से की शिकायत, पैसों की कर रहे थे डिमांड

Cyber Fraud: मध्यप्रदेश में साइबर क्राइम करने वाले लोगों के हौसले लगातार बुलंद होते जा रहे हैं. कुछ दिन पहले एमपी सरकार के मंत्री रामनिवास रावत को भी साइबर ठगों ने कॉल कर उनके भतीजे के साथ ठगी की थी. ऐसा ही मामला अब लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह के साथ हुआ है. उनके नाम से फेक फेसबुक अकाउंट (Fake Facebook ID) बनाकर ठगों ने पैसों की डिमांड की. मंत्री राकेश सिंह को जब इसका पता चला तो उन्होंने साइबर सेल में शिकायत की.

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मंत्री राकेश सिंह ने एक्स पोस्ट पर दी जानकारी

PWD मंत्री राकेश सिंह ने अपने एक्स पर लिखा कि किसी असामाजिक तत्व द्वारा मेरे नाम का फर्जी अकाउंट बनाकर पैसों की मांग की जा रही है. इसकी शिकायत पुलिस को की जा चुकी है. आपसे निवेदन है कि आप सतर्क रहें. दरअसल उनके कुछ परिचितों ने उन्हें यह बात बताई तो मामला तुरंत पुलिस के पास पहुंचा.

बता दें राकेश सिंह मध्यप्रदेश सरकार में PWD मंत्री होने के साथ ही बीजेपी के वरिष्ठ नेता भी हैं. वे मध्यप्रदेश बीजेपी के प्रदेशाध्यक्ष भी रह चुके हैं. ऐसे में सोशल मीडिया पर उनकी तगड़ी फैन फालोइंग भी है.

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इसके पहले रामनिवास रावत को किया था टारगेट

वन एवं पर्यावरण मंत्री रामनिवास रावत ने 19 जुलाई को भोपाल पुलिस कमिश्रर हरिनारायणचारी मिश्र से शिकायत की थी. जिसके बाद क्राइम ब्रांच में एफआईआर दर्ज की गई. एफआईआर में मंत्री रावत ने बताया कि कुछ दिन पहले मोबाइल नंबर 9285127561 से कॉल आया था. कॉलर ने खुद को बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष संगठन महामंत्री डी. संतोष का पर्सनल सेक्रेटरी बताया था. कॉलर ने कहा कि विजयपुर में होने वाले विधानसभा उपचुनाव में आपके लिए कुछ लोगों की व्यवस्था करा देंगे, जो आपका पूरा काम देखेंगे. हर व्यक्ति के हिसाब से 5 लाख रुपये लगेंगे. जब उसने संगठन महामंत्री का गलत नाम बताया तो मंत्री रामनिवास  रावत समझ गए. मंत्री रावत ने फ्रॉड कॉल करने वाले की अपने स्तर पर जानकारी जुटाई. जिसके बाद उन्होंने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी.

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