Advertisment

Forest Service Exam Gadbadi: वन सेवा के फीजिकल टेस्‍ट को लेकर हाईकोर्ट के आदेश को नहीं माना, अपर मुख्‍य सचिव को नोटिस

Forest Service Exam Gadbadi: वन सेवा के फीजिकल टेस्‍ट को लेकर हाईकोर्ट के आदेश को नहीं माना, अपर मुख्‍य सचिव को नोटिस

author-image
Sanjeet Kumar
Forest Service Exam Gadbadi

Forest Service Exam Gadbadi

Forest Service Exam Gadbadi: छत्‍तीसगढ़ में वन सेवा परीक्षा का फीजिक टेस्‍ट हुआ था। इसमें पैदल चाल परीक्षण के दौरान गड़बड़ी की शिकायत की गई थी। इस मामले में हाईकोर्ट के आदेश को माने बिना ही अपर मुख्‍य सचिव ने इसमें नियुक्ति की। इस पर हाईकोर्ट ने अपर मुख्य सचिव को अदालत की अवमानना का नोटिस भेजा है।

Advertisment

बता दें कि राज्य वन सेवा परीक्षा में चयनित (Forest Service Exam Gadbadi) एसीएफ व रेंजर कैंडिडेट्स को नियुक्ति से पहले पैदल चाल टेस्‍ट कराया गया था।

इसमें 4 घंटे में 26 किमी की दूरी तय करना था, आयोजन स्थल पर भारी अव्यवस्था पाई गई थी। वहीं कई कैंडिडेट्स तय दूरी से चार घंटे कुछ मिनट में पहुंच गए थे। इसी टेस्‍ट में गड़बड़ी की शिकायत की गई थी।

नियुक्ति प्रक्रिया जारी रखने दी थी अनुमति

बता दें कि वन मंत्री केदार कश्यप ने कैंडिडेट्स के भविष्य को देखते हुए सभी प्रभावित (Forest Service Exam Gadbadi) उम्मीदवारों की नियुक्ति प्रक्रिया जारी रखने अनुमति प्रदान की थी। इसके खिलाफ वेटिंग कैंडिेट्स ने हाई कोर्ट में याचिका दायर की।

Advertisment

इसकी सुनवाई 8 मई हुई थी। इस पर हाई कोर्ट ने सरकार के निर्णय को सही ठहराया। कोर्ट ने कहा कि पैदल चाल रेंजर भर्ती के लिए अनिवार्य अहर्ता नहीं मानी जानी चाहिए। इसलिए चयनित उम्मीदवारों को नियुक्ति दी जानी चाहिए, इसको लेकर आदेश जारी किया।

याचिका ले ली गई वापस

उक्‍त आदेश को न मानते हुए उसके विपरीत अपर मुख्य सचिव (Forest Service Exam Gadbadi) ने पहले जारी किए सभी आदेशों को ताक पर रखते हुए चयनित उम्मीद्वारों को नियुक्ति नहीं दी।

वहीं वेटिंग लिस्‍ट के कैंडिडेट्स को मौका दे दिया। इससे हाई कोर्ट ने 8 अगस्त को अपर मुख्य सचिव को अवमानना का नोटिस भेजा। इसी के साथ ही हाईकोर्ट ने पहले पेश की गई याचिका वापस लेने के भी निर्देश दिए। इसके बाद योगेश बघेल और अन्य कैंडिडेट्स ने 9 अगस्त को याचिका वापस ली।

Advertisment

अपर मुख्‍य सिचव ने माना हुई गलती

छत्‍तीसगढ़ (Forest Service Exam Gadbadi) के पीसीसीएफ एवं तत्कालीन अपर मुख्य सचिव ने अपनी गलती स्‍वीकार की है। उन्‍होंने माना कि पैदल चाल टेस्‍ट बेहतर और आदर्शन माहौल में नहीं लिया गया था। उन्‍होंने इस बात को स्‍वीकार करते हुए कहा कि पैदल चाल परीक्षा खेल मैदान स्टेडियम में नहीं की जाना चाहिए थी। जबकि ये नवा रायपुर के खुले रोड पर की गई थी।

ये खबर भी पढ़ें: Special Trains: दीपावली और छठ पर स्पेशल ट्रेन चलाएगा रेलवे, जानें रूट टाइम टेबल

इसके नंबर नहीं जोड़े गए थे

पैदल चाल परीक्षा के दिन कार्य दिवस भी था। इसके चलते नया रायपुर (Forest Service Exam Gadbadi) स्थित राजधानी के मंत्रालय, संचालनालय एवं विभाग प्रमुख ऑफिस के कर्मचारियों का आनाजाना रहा। साथ ही सरकारी वाहनों का आनेजाने से पैदल चाल के दौरान कई समस्‍याओं का सामना करना पड़ा।

Advertisment

इसी तारीख को बहुत गर्मी थी, इसके चलते कुछ कैंडिडेट्स के पैरों में मोच, मांस पेशियों में खिंचाव जैसी समस्‍याएं हुई। इसके चलते कई कैंडिडेट्स पैदल चाल का टास्‍क पूरा नहीं कर पाए। पैदल चाल कोई प्रतिस्पर्धा नहीं थी, इसके अंक भी नहीं मिलते हैं। ऐसे में इसमें फेल होने वाला कोई भी कैंडिडेट नियुक्ति से वंचिन नहीं होगा।

ये खबर भी पढ़ें: Amazon Sale: अमेजन सेल में सस्ते मिल रहे हैं ये 5 पॉपुलर फोन, साथ में मिलेगा बैंक डिस्काउंट! यहां देखें पूरी लिस्ट

hindi news High Court order Forest Service Exam Gadbadi Contempt notice chhattisgarh news cg politics news CG Politics CG news cg Additional Chief Secretary bilaspur high court Bansal News
Advertisment
चैनल से जुड़ें