वर्ल्ड डायबिटीज डे: अनुशासन और यौगिक जीवन शैली से मिलेगा मधुमेह का उपचार

World Diabetes Day: डायबिटीज एक बीमारी नहीं बल्कि एक ऐसा विकार है जो अनियंत्रित जीवन शैली के कारण उत्पन्न होता है।

World Diabetes Day Mandukasana health tips Pooja Mudgal

World Diabetes Day: डायबिटीज एक बीमारी नहीं बल्कि एक ऐसा विकार है जो अनियंत्रित जीवन शैली के कारण उत्पन्न होता है और इसका उपाय है अनुशासन से परिपूर्ण नियंत्रित जीवन शैली। अनियंत्रित जीवन शैली में शामिल है मोटापा। आवश्यकता से अधिक भोजन। शारीरिक व्यायाम की कमी और तनाव।

इसके नियंत्रण के लिए हमें सबसे पहले इसके कारणों पर ही ध्यान देना होगा। सबसे प्रभावशाली तरीका है सुबह की शुरुआत प्रसन्न मनः स्थिति से की जाए। सकारात्मक दृष्टिकोण और विचारों से हमारी शारीरिक और रासायनिक संरचना को बदला जा सकता है।

यौगिक उपचार

यौगिक उपचार ऐसे सभी आसन जिसमें मांसपेशियों को स्ट्रैच किया जा सके जैसे ताड़ासन, कोणासन, त्रिकोणासन, पश्चिमोत्तानासन, भुजंगासन, धनुरासन और नौकासन करना चाहिए। जिससे मांसपेशियों की गतिशीलता के कारण कोशिकाओं द्वारा रक्त में जमा अतिरिक्त ग्लूकोज को अवशोषित किया जा सके। साथ ही साथ मंडूकासन, अर्द्ध मत्स्येंद्रासन, गोमुखासन, विपरीत करणी और मत्स्यासन भी लाभप्रद हैं।

मंडूकासन और अर्द्ध मत्स्येंद्रासन विशेष रूप से लाभकारी हैं। जब हम मंडूकासन करते हैं तो पेनक्रियाज पर हमारे हाथों की मुट्ठियों का प्रेशर पड़ता है। ब्लड सर्कुलेशन बढ़ता है और पेनक्रियाज की सेल्स Regenerate होती हैं।

किसे नहीं करना चाहिए मंडूकासन ?

मंडूकासन गर्भवती महिलाओं को नहीं करना चाहिए जिन्हें हर्निया की समस्या हो एवं जिनकी उदर संबंधी सर्जरी हुई हो।

इस आसन को कब और कितनी बार करें ?

इस आसन को अपनी शारीरिक क्षमता के अनुसार प्रातः प्रतिदिन कम से कम 5 बार आवश्यक रूप से करें।

प्राणायाम अनुलोम विलोम, प्राणायाम भ्रामरी एवं उज्जायी प्राणायाम करना चाहिए। शरीर की आंतरिक शुद्धि के लिए जलनेति, लघु शंख प्रक्षालन, कुंजल आदि का अभ्यास करें। उदर श्वसन (Belly Breathing) के अभ्यास से आश्चर्यजनक परिणाम प्राप्त होते हैं। योग निद्रा तथा ओम उच्चारण प्रतिदिन करना चाहिए।

आहार प्रातःकाल रात में भिगोया हुआ आधे से एक चम्मच मेथी दाना तथा आंवले का रस का सेवन किया जाए। पांच मीठे फल जैसे आम, केला, चीकू, सीताफल और अंगूर का सेवन न करें। उनके स्थान पर सेब, नाशपाती, पपीता, अनार, संतरा, मौसंबी, अमरूद, जामुन, तरबूज, खरबूज आदि फलों में से 3 और 4 प्रकार के मिले-जुले फलों का सेवन करें। अधिक कार्बोहाइड्रेट युक्त भोजन एवं मीठी वस्तुओं का त्याग करें। साबुत एवं अंकुरित अनाज तथा प्रोटीनयुक्त वस्तुओं रेशेदार फल एवं सब्जियों को दैनिक आहार में सम्मिलित किया जाए।

साथ ही सुबह शाम 30 से 40 मिनट की वॉक जरूर करें। अपने मन की भावनाओं को अभिव्यक्त या नियंत्रित करें। नियमित रूप से ध्यान का अभ्यास करें। World Diabetes Day

( लेखक योग शिक्षक और प्रशिक्षक हैं )

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