टीचर के पैर छूने से 'पुण्य' घटते हैं या बढ़ते हैं? प्रेमानंद महाराज का जवाब सुन आंखें खुल जाएंगी!
प्रेमानंद महाराज ने कहा कि पैर छूना गलत नहीं, असली बात भाव की है। अहंकार से पुण्य घटते हैं, लेकिन यदि श्रद्धा स्वीकार कर स्वयं को माध्यम मानें, तो पुण्य नष्ट नहीं होते।