Vande Bharat Train: देश की पहली सेमी हाई स्पीड ने दिखाया करिश्मा, मात्र 5 घंटे 10 मिनट में पहुंची मुंबई से अहमदाबाद, जानें खासियत

देश की पहली सेमी हाईस्पीड ट्रेन कही जाने वाली नई वंदे भारत ट्रेन ने रफ्तार के मामले में बुलेट ट्रेनों को पीछे छोड़ दिया है।

Vande Bharat Train: देश की पहली सेमी हाई स्पीड ने दिखाया करिश्मा, मात्र 5 घंटे 10 मिनट में पहुंची मुंबई से अहमदाबाद, जानें खासियत

Indian Railway: देश में भारतीय रेलवे का पायदान जहां पर ऊंचा होता जा रहा है वहीं पर देश की पहली सेमी हाईस्पीड ट्रेन कही जाने वाली नई वंदे भारत ट्रेन ने रफ्तार के मामले में बुलेट ट्रेनों को पीछे छोड़ दिया है जी हां, ये करिश्मा नई वंदे भारत ट्रेन ने महज 52 सेकंड में 0 से 100 km प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ते हुए पूरा किया है। इसका वीडियो शेयर करते हुए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ( Ashwini Vaishnaw) ने भारतीय रेलवे के सोशल मीडिया हैंडल से जानकारी दी है।

मंत्री वैष्णव ने दी जानकारी

आपको बताते चलें कि, इसे लेकर केंद्रीय मंत्री वैष्णव ने कहा कि वंदे भारत ट्रेन का तीसरी टेस्टिंग गुरुवार को हुई। इसने 52 सेकेंड में 0 से 100 km प्रति घंटे की रफ्तार पकड़ी वही पर बुलेट ट्रेनों की बात की जाए तो, वह इस रफ्तार को पकड़ने के लिए 54. 6 सेकेंड का टाइम लेती है। आपको बताते चलें कि, नई वंदे भारत ट्रेन का शुक्रवार को अहमदाबाद-मुंबई के बीच ट्रायल किया गया। यह ट्रेन अहमदाबाद से सूरत मात्र 2 घंटे 32 मिनट में पहुंच गई वहीं इस ही दूरी को तय करने के लिए चलने वाली शताब्दी एक्सप्रेस को तीन घंटे लग जाते हैं। बताया जा रहा है कि, अहमदाबाद से सुबह 7.06 बजे रवाना हुई और सूरत स्टेशन पर सुबह 9.38 बजे पहुंची। यहां से बिन रुके मुंबई सेंट्रल दोपहर 12.16 बजे पहुंच गई। ट्रेन को अहमदाबाद से मुंबई के बीच 492 किमी तय करने में मात्र 5 घंटे 10 मिनट का वक्त लगा जो शताब्दी ट्रेन से 1 घंटा कम रहा है।

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जानिए कैसी है वंदे भारत ट्रेन

आपको बताते चलें कि, जहां पर इस ट्रेन को देश की पहली सेमी हाई स्पीड के नाम से जाना जाता है वहीं पर इस ट्रेन में सब अत्याधुनिक है। वंदे भारत एक्सप्रेस की नई डिजाइन में फोटोकैटलिटिक एयर प्यूरीफायर सिस्टम है, जो 99% कीटाणुओं और वायरस को मार सकती है। इसकी खासियत बिल्कुल प्लेन की तरह है एसी, टीवी, ऑटेमैटिक दरवाजे, हाइक्लास पेंट्री और वॉशरूम इस ट्रेन में सब कुछ है। वहीं पर ट्रेन में सेल्फ प्रोपेल्ड इंजन है जो अन्य ट्रेनों से अलग है। एग्जीक्यूटिव कोच की सीटें 180 डिग्री तक घूम सकती हैं, ठीक वैसे ही जैसे विस्टाडोम की सीट घूमती हैं। माना जा रहा है कि, भारत की पहली मेड इन इंडिया ट्रेनों के नए बैच अक्टूबर से शुरू हो सकते है।

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