यूपी की राजनीति में नई एंट्री: अलंकार अग्निहोत्री का नई पार्टी बनाने का ऐलान, बोले- अयोध्या के बाद काशी-मथुरा हारेंगे

पूर्व सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री ने वृंदावन से नई राजनीतिक पार्टी बनाने का एलान किया है। उन्होंने यूजीसी नियम, एससी-एसटी एक्ट के दुरुपयोग और श्रीबांकेबिहारी कॉरिडोर को मुद्दा बनाते हुए सरकार पर सनातन संस्कृति को नुकसान पहुंचाने का आरोप लगाया।

Former Bareilly City magistrate Alankar Agnihotri New party announcement banke bihari mandir UGC rules hindi news zxc (1)


Alankar Agnihotri New Party: यूजीसी (UGC) के नए बिल के विरोध में प्रशासनिक पद छोड़ने वाले अलंकार अग्निहोत्री ने अब राजनीति में उतरने का ऐलान कर दिया है। वृंदावन में उन्होंने सनातनी संस्कृति के नाम पर नई राजनीतिक पार्टी बनाने की घोषणा करते हुए भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला।

यूजीसी विरोध से राजनीति तक का सफर 

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वृंदावन पहुंचे पूर्व बरेला सिटी मजिस्ट्रेट अलंकार अग्निहोत्री

बरेली में सिटी मजिस्ट्रेट पद से इस्तीफा देने के बाद अलंकार अग्निहोत्री वृंदावन पहुंचे, जहां उन्होंने राजनीतिक दल बनाने की घोषणा की। उन्होंने कहा कि यूजीसी के नए नियम, एससी-एसटी एक्ट (SC/ST Act) के दुरुपयोग और श्रीबांकेबिहारी मंदिर कॉरिडोर जैसे मुद्दों ने उन्हें राजनीति में आने के लिए मजबूर किया है। उनका कहना है कि उच्च वर्ग और सनातनियों की आवाज को उठाने के लिए अब राजनीति ही एकमात्र रास्ता बचा है। Alankar Agnihotri Controversy 

श्रीबांकेबिहारी धाम से लिया पार्टी गठन का संकल्प 

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सनातनियों की बात सुनने वाला कोई नहीं

अलंकार अग्निहोत्री ने बताया कि श्रीबांकेबिहारी महाराज के दर्शन के दौरान ही उनके मन में पार्टी बनाने का विचार आया। गोधूलि पुरम स्थित श्रीहरिदास धाम में आयोजित बैठक से पहले पत्रकारों से बातचीत में उन्होंने कहा कि उसी पावन धरा से वह अपनी नई पार्टी की शुरुआत कर रहे हैं। उनके अनुसार, धर्म स्थलों और मंदिरों का संरक्षण सरकार नहीं बल्कि समाज का कर्तव्य है। Sanatan Politics India

मंदिर कॉरिडोर पर सरकार पर गंभीर आरोप

उन्होंने आरोप लगाया कि श्रीबांकेबिहारी मंदिर कॉरिडोर के नाम पर प्राचीन सनातनी संस्कृति को नुकसान पहुंचाने की कोशिश की जा रही है। उनका कहना था कि आज तक न तो उच्च वर्ग की और न ही सनातनियों की बात गंभीरता से सुनी गई। इसी खालीपन को भरने के लिए वह नया राजनीतिक विकल्प देने जा रहे हैं।

अयोध्या के बाद काशी और मथुरा का जिक्र 

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अयोध्या के बाद काशी और मथुरा का जिक्र

अलंकार अग्निहोत्री ने सरकार पर हमला करते हुए कहा कि जिस तरह अयोध्या में जनभावनाओं की अनदेखी हुई, उसी तरह आगे चलकर काशी और मथुरा में भी सत्ता को इसका खामियाजा भुगतना पड़ेगा। उन्होंने दावा किया कि जनता अब विकल्प तलाश रही है और उनकी पार्टी उसी विकल्प के रूप में सामने आएगी।

तीन प्रमुख मुद्दों पर राजनीति की तैयारी

उन्होंने साफ कहा कि उनकी राजनीति तीन मुद्दों पर केंद्रित होगी। इसमें यूजीसी के नए नियम, एससी-एसटी एक्ट के कथित दुरुपयोग और श्रीबांकेबिहारी कॉरिडोर का विरोध शामिल है। उन्होंने बताया कि इन मुद्दों को लेकर देशभर के संगठनों से बातचीत चल रही है और जरूरत पड़ी तो चुनाव भी लड़े जाएंगे, साथ ही किसी दल से गठबंधन की संभावना से भी इनकार नहीं किया।

सनातन विरोध और सामाजिक विभाजन का आरोप

अलंकार अग्निहोत्री ने सरकार को सनातन विरोधी बताते हुए कहा कि नीतियों के जरिए समाज को बांटने का काम किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि अपना दल, राजभर और अन्य दलों का अपना सम्मान है और उनकी पार्टी भी अपना सम्मान खुद बनाएगी।

एससी-एसटी मामलों के लिए ईमेल पहल

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एससी-एसटी मामलों के लिए ईमेल पहल

उन्होंने जानकारी दी कि फर्जी एससी-एसटी एक्ट मामलों में फंसे लोगों की मदद के लिए एक ईमेल आईडी जारी की गई है। जारी होने के कुछ ही घंटों में 40 से अधिक ईमेल आ चुके हैं, जिनमें लोगों ने अपने साथ हो रहे अन्याय की जानकारी दी है।

शिक्षा और न्याय व्यवस्था पर सवाल

अलंकार अग्निहोत्री ने बिहार के एक सवर्ण अधिकारी का उदाहरण देते हुए कहा कि कैसे कानून का दुरुपयोग किया जा रहा है। उन्होंने यूजीसी के नए नियमों पर सवाल उठाते हुए कहा कि क्या ऐसी व्यवस्था में बच्चों को पढ़ने भेजा जाना चाहिए, जहां न्याय के नाम पर शोषण हो। साथ ही उन्होंने उन जनप्रतिनिधियों पर भी सवाल उठाए जो ब्राह्मण समाज के नाम पर वोट लेकर सत्ता में पहुंचने के बाद चुप हैं।

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