स्‍टूडेंट्स की बॉयोमेट्रिक अटेंडेंस सुनिश्चित करेंगे स्‍कूल-कॉलेज: राज्यमंत्री कृष्णा गौर ने की विभागीय समीक्षा बैठक

Biometric Attendance Compulsory: मध्‍य प्रदेश की राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर की अध्यक्षता में शुक्रवार को मंत्रालय में समीक्षा बैठक हुई।

Schools colleges biometric attendance Minister Krishna Gaur meeting

Biometric Attendance Compulsory

Biometric Attendance Compulsory: मध्‍य प्रदेश की राज्यमंत्री (स्वतंत्र प्रभार) कृष्णा गौर की अध्यक्षता में शुक्रवार को मंत्रालय में समीक्षा बैठक हुई।

इस बैठक में पिछड़ा वर्ग के स्‍टूडेंट्स की अध्ययनरत संस्थाओं ( स्‍कूलों और कॉलेजों) में 75 प्रतिशत से अधिक उपस्थिति सुनिश्चित करने के लिये सभी शैक्षणिक संस्थाओं को यूनिक आईडी “आधार’’ बेस्ड बॉयोमेट्रिक उपस्थिति दर्ज करने के लिये कहा गया है।

शैक्षणिक संस्थाओं में अध्ययनरत पिछड़ा वर्ग के छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति प्रदान की जाती है। इसी अनुक्रम में पिछड़ा वर्ग विभाग द्वारा यह निर्देश दिये गये हैं।

विभागीय छात्रावासों की व्‍यवस्‍था की ली जानकारी

राज्य मंत्री गौर ने विभाग से विभागीय छात्रावासों में मैस व्यवस्था शुरू करने, सौर ऊर्जा प्लांट लगाने, बाउण्ड्री-वॉल बनाने के संबंध में की जा रही कार्यवाही की जानकारी ली।

बैठक में बताया गया कि पिछड़ा वर्ग के कन्या छात्रावासों में मैस संचालन के लिये शासन को प्रस्ताव भेजा गया है। इसी के साथ विदेश अध्ययन छात्रवृत्ति योजना में प्राप्त शिकायतों को गंभीरता से लेते हुए शिकायतों के निराकरण के निर्देश दिये।

https://twitter.com/KrishnaGaurBJP/status/1862528770252439914

उन्होंने कहा कि योजना का क्रियान्वयन पारदर्शी ढंग से हो रहा है। इसमें जिस किसी ने भी कोई शिकायत की है, तो उसकी शिकायत का उचित जवाब दें।

यह भी पढ़ें- पढ़ाई के लिए नहीं आएगी दिक्कत: इस राज्य की सरकार दे रही छात्रों को शानदार स्कॉलरशिप, तुरंत करें अप्लाई, जानें डिटेल्स

पिछड़ा वर्ग के 7 स्‍टूडेंट्स को जापान में मिला प्‍लेसमेंट

दिल्ली छात्र-गृह योजना में छात्र संख्या 50 से बढ़ाकर 150 करने और सहायता राशि को बढ़ाने के लिए प्रस्ताव शासन को भेजे जाने की जानकारी दी।

इसी के साथ विदेश में रोजगार उपलब्ध कराने की योजना के संबंध में बताया गया कि अब तक पिछड़ा वर्ग के 7 स्‍टूडेंट्स को जापान में प्लेसमेंट दिलाया गया है।

इसी के साथ पिछड़ा वर्ग के छात्र-छात्राओं को दी जाने वाली छात्रवृत्तियों के सभी लंबित प्रकरणों का निराकरण कर छात्रवृत्ति का भुगतान सुनिश्चित करने के लिये कहा गया है।

इन परिवारों का जल्‍द होगा सर्वे

इस बैठक में बताया गया कि विमुक्त, घुमंतु, अर्द्ध-घुमंतु समुदायों के परिवारों का सर्वे किये जाने का कार्य शीघ्र शुरू किया जायेगा। डाटा कलेक्शन का यह कार्य पहले प्रदेश के 12 जिलों में होगा।

इसके बाद शेष जिलों में किया जायेगा। विमुक्त, घुमंतु एवं अर्द्ध-घुमंतु समुदायों के लिये लोकरंग उत्सव आयोजित करने पर भी विचार किया जा रहा है।

इस बैठक में अपर मुख्य सचिव पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण श्री अजीत केसरी, आयुक्त श्री सौरभ सुमन, संचालक विमुक्त, घुमंतु एवं अर्द्ध-घुमंतु श्री नीरज वशिष्ठ और अन्य अधिकारी मौजूद रहे।

यह भी पढ़ें- 

MP में जनपद और जिला पंचायत सदस्‍य नहीं चुन पाएंगे अध्‍यक्ष: जनता करेगी सीधा चुनाव, अधिनियम में हो सकता है बदलाव

Madhya Pradesh District and jila Panchayat elections people directly elect

मध्‍य प्रदेश में अब जिला और जनपद पंचायत अध्यक्षों के चुनाव की प्रक्रिया में बदलाव की तैयारी हो रही है।

जिस तरह महापौर का चयन सीधे जनता द्वारा किया जाता है, उसी तरह जिला और जनपद पंचायत अध्यक्षों को भी सीधे जनता चुन सकती है। प्रदेश में ऐसे नई व्‍यवस्‍था लागू करने पर विचार किया जा रहा है। गौरतलब है कि वर्तमान में ये अध्यक्ष निर्वाचित सदस्यों के माध्यम से चुने जाते हैं। पढ़ें पूरी खबर.......

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article