/bansal-news/media/post_attachments/wp-content/uploads/2024/07/san-1.jpg)
Sanskrit Language on Google Translate: जहां पर भाषाओं के अनुवाद को लेकर गूगल का गूगल ट्रांसलेशन टूल ( Google Translate Tool) काफी मददगार है वहीं पर इधर इसमें नई अपडेट सामने आई है जहां पर गूगल ने इसमें 24 लैंग्वेज और जोड़ दी है। जिसमें भारत में बोली जाने वाली प्राचीन भाषाओं में असमिया, मैथिली, भोजपुरी, संस्कृत और अन्य लैंग्वेज के नाम शामिल है।
भाषाओं के साथ प्रोफेसर को भी किया शामिल
आपको बताते चलें कि, जहां पर गूगल ट्रांसलेशन में पहले 133 लैंग्वेज का ट्रांसलेशन किया जाता था अब इन 24 भाषाओं को भी शामिल कर लिया गया है। गूगल ने बताया कि नई जोड़ी गई लैंग्वेज को ग्लोबली 30 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं। इसमें एक मिजो लैंग्वेज है जिसे करीब 8 लाख लोग बोलते हैं। इसके अलावा ओरोमो को इथियोपिया और केन्या में करीब 3.7 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं। बताया जा रहा है कि, भाषाओं के साथ ही गूगल ने कई प्रोफेसरों और लैंग्वेज के जानकारों को शामिल किया है। जो इन लैंग्वेज को बोलते हैं। ये जीरो-शॉट मशीन ट्रांसलेशन का इस्तेमाल करके Google Translate में जोड़ी गई पहली भाषाएं हैं। लेकिन इसे आने वाले समय के लिए बेहतर माना जा रहा है। इसके अलावा गूगल ने कंपनी ने नए वॉलेट ऐप को पेश करने के साथ Wear OS और Android टैबलेट के लिए नए फीचर्स की भी घोषणा की।
जानें किन भाषाओं को किया शामिल
- भोजपुरी - भारत, नेपाल और फिजी में करीब 5 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- मिजो- पूर्वोत्तर भारत में करीब 8 लाख 30 हजार लोग इस्तेमाल करते हैं
- असमिया - पूर्वोत्तर भारत
- मैथिली - उत्तरी भारत में करीब 3.4 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- मेइतेइलॉन (मणिपुरी) - पूर्वोत्तर भारत में करीब दो करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- संस्कृत - भारत में करीब 20 हजार लोग इस्तेमाल करते हैं।
- कोंकणी- मध्य भारत में करीब 20 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- ट्वी - घाना में करीब 1.1 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- सोंगा - इस्वातिनी, मोज़ाम्बिक, दक्षिण अफ्रीका और ज़िम्बाब्वे में 70 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- टिग्रीन्या - इरिट्रिया और इथियोपिया में करीब 80 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- सेपेडी - दक्षिण अफ्रीका में करीब 1.4 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- क्वेशुआ - पेरू, बोलीविया और इक्वाडोर में करीब एक करोड़ लोग इस्तेलाल करते हैं।
- ओरोमो- इथियोपिया और केन्या में करीब 3.7 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- लुगांडा - युगांडा और रवांडा में करीब दो करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- लिंगाला - कांगो लोकतांत्रिक गणराज्य, कांगो गणराज्य, मध्य अफ्रीकी गणराज्य, अंगोला और दक्षिण सूडान गणराज्य में करीब 4.5 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- कुर्द - इराक करीब 8 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- क्रियो - सिएरा लियोन करीब 40 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- इलोकानो - उत्तरी फिलीपींस में करीब 10 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- गुआरानी - पराग्वे, बोलीविया, अर्जेंटीना और ब्राजील में करीब 70 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- ईवे - घाना और टोगो में करीब 70 लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- धिवेही - मालदीव तीन लाख लोग इस्तेमाल करते हैं।
- बाम्बारा - माली में 1.4 करोड़ लोग इस्तेमाल करते हैं।
- आयमारा - बोलीविया, चिली और पेरू
/bansal-news/media/agency_attachments/2025/12/01/2025-12-01t081847077z-new-bansal-logo-2025-12-01-13-48-47.png)
Follow Us