RBI meeting: RBI मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की बैठक आज से शुरू

RBI meeting: एमपीसी की बैठक आज से शुरू, क्या EMI में मिलेगी राहत! जानिए कब आएगा फैसला

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RBI meeting: रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (RBI) की मॉनेटरी पॉलिसी कमेटी (MPC) की मीटिंग आज से शुरू हो रही है. 8 फरवरी तक लगातार बैठकें होंगीं. मीटिंग (RBI meeting) में रेपो रेट (ब्याज दरों) में बदलाव को लेकर चर्चा की जाएगी. फिलहाल रेपो रेट 6.50% है. RBI ने दिसंबर में हुई बैठक में ब्याज दरों में कोई बढ़ोतरी नहीं की थी. बता दें मॉनेटरी पॉलिसी की मीटिंग हर दो महीने में आयोजित होती है. 

   क्यों बढ़ता-घटता है रेपो रेट

महंगाई ज्यादा होने पर RBI रेपो रेट बढ़ा देता है. जिससे इकोनॉमी में मनी फ्लो को कम हो जाता है. इसका सीधा असर आम आदमी की जेब पर पड़ता है.क्योंकि रेपो रेट ज्यादा होने पर बैंकों को RBI से मिलने वाला कर्ज महंगा हो जाता है.

रेपो रेट बढ़ने पर बैंक अपने ग्राहकों  को महंगी दर पर लोन देती है और किस्तों में भी कुछ बढ़ौतरी हो जाती है. हालांकि आरबीआई इकोनॉमी में मनी फ्लो कम करने के लिए ऐसा करती है. जिससे डिमांड में कमी आए और महंगाई कम हो सके.

इसी तरह जब मंदी आती है तो आरबीआई रिकवरी के लिए मनी फ्लो बढ़ाने की कोशिश करती है. ऐसी स्थिति में रेपो रेट कम किया जाता है.

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   EMI कम  होने के बीच ब्रेकर बनी महंगाई दर

बैठक (RBI meeting) के बाद  8 जनवरी को गवर्नर शक्तिकांत दास रेपो रेट और कुछ अहम बदलावों पर फैसला सुनाएंगे. हालांकि अनुमान लगाया जा रहा है कि रेपो रेट को इस बार भी स्थिर रखा जाएगा. आरबीआई ने पिछली बैठक में भी दरों में बदलाव नहीं किया था. केंद्र सरकार ने अंतरिम बजट में टैक्स स्लैब में कोई बदलाव नहीं किया है.

अक्टूबर-दिसंबर तिमाही में महंगाई दर 5.6 फीसदी और जनवरी-मार्च तिमाही में 5.2 फीसदी रहने का अनुमान है.जिससे इस बार रेपो रेट भी स्थिर रहने का अनुमान लगाया जा रहा. मतलब इस बार भी लोन लेने वाले ग्राहकों को EMI में कोई राहत नहीं मिलेगी. राहत की बात यह है कि दरें स्थिर रहने से EMI में बढ़ौतरी भी नहीं होगी.  

   वित्त वर्ष 22-23 में रेपो रेट में हुए थे बदलाव

  • अप्रैल-2022 में RBI ने रेपो रेट को 4% पर स्थिर रखा

  • 2 और 3 मई को इमरजेंसी मीटिंग में 0.40% दर बढ़ी

  • 6 से 8 जून को हुई मीटिंग में में 0.50% इजाफा

  • अगस्त में रेपो रेट 0.50% बढ़कर 5.40% पहुंचा

  • सितंबर में ब्याज दरें 5.90% पहुंची 

  • दिसंबर में ब्याज दरें 6.25% पर पहुंची 

  • फरवरी 2023 में दर 6.50% पहुंची

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