Phalgun 2022 : 17 फरवरी से शुरू हो रहा है फाल्गुन, जानें कब है होली, महाशिवरात्रि, आमलकी एकादशी

Phalgun 2022 : 17 फरवरी से शुरू हो रहा है फाल्गुन, जानें कब है होली, महाशिवरात्रि, आमलकी एकादशी

नई दिल्ली। फाल्गुन एक ऐसा Falgun Maas 2022 शब्द और महीना, जिसके सुनते ही मन में एक उमंग, तरंग छाने लगती है। हो भी क्यों न। इस महीने न सिर्फ होली Falgun Maas 2022 खास होती है बल्कि भोले नाथ का बड़ा पर्व महा शिवरात्रि भी इसी महीने आता है। जी हां कल यानि 17 फरवरी से फाल्गुन मास की शुरुआत हो रही है। जो 18 मार्च तक चलेगा। हिन्दु पंचांग के अनुसार ये साल का आखिरी महीना है। इसी के बाद चैत्र नवरात्र के साथ नववर्ष की शुरुआत हो जाएगी। आइए हम बताते हैं ​इस महीने में कब कौन से त्योहार आएंगे।

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फाल्गुन मास का धार्मिक महत्व

हिन्दु पंचांग के आखिरी महीने फाल्गुन मास की शुरुआत 17 फरवरी 2022 से हो रही है। जो 18 मार्च तक चलेगा। फाल्गुन मास में भगवान विष्णु और शिव दोनों की साधना से जुड़े दो बड़े पर्व आते हैं। फाल्गुन मास (Falgun Maas) के कृष्ण पक्ष की चतुर्दशी के दिन जहां महाशिवरात्रि पर्व के लिए खास माना जाता है। तो वहीं फाल्गुन शुक्ल एकादशी को भगवान विष्णु का आशीर्वाद दिलाने वाली आमलकी एकादशी का व्रत खास माना जाता है।

इन महीने का दान —
फाल्गुन मास दान के लिए भी खास माना जाता है। विशेष रूप से अपनी क्षमता के अनुसार असहायों को दान और पितरों के निमित्त तर्पण आदि अवश्य करना चाहिए। आपको बता दें इस महीने में शुद्ध घी, तिल, सरसों का तेल, मौसमी फल आदि का दान विशेष शुभ फल दिलाने वाला माना जाता है।

कान्हा की भक्ति से पूरी होगी कामना —
शिवजी के अलावा ये महीना भगवान श्रीकृष्ण के लिए खास माना जाता है। जहां इनके बाल, युवा और गुरु तीनों रूपों में पूजा की जाती है। ज्ञान प्राप्ति के लिए भगवान श्रीकृष्ण के गुरु रूप की पूजा की जाती है।

इस महीने के पर्व —

विजया एकादशी – 26 फरवरी 2022
महा शिवरात्रि – 01 मार्च 2022
फाल्गुन अमावस्या – 02 मार्च 2022
फुलैरा दूज – 04 मार्च 2022
आमलकी एकादशी – 14 मार्च 2022
होलिका दहन – 17 मार्च 2022
होली – 18 मार्च 2022

नोट : इस लेख में दी गई जानकारियां धार्मिक आस्था और लोक मान्यताओं पर आधारित हैं। इसका कोई भी वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है। इसे सामान्य जनरुचि को ध्यान में रखकर यहां प्रस्तुत किया गया है। बंसल न्यूज इसकी पुष्टि नहीं करता। अमल में लाने से पहले विशेषज्ञ की सलाह जरूर लें।

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