MP Pre Board 2025: 10वीं-12वीं प्री-बोर्ड को लेकर बड़ा अपडेट, इस दिन से शुरू होगीं परीक्षाएं, आंसरशीट को लेकर ये निर्देश

MP Pre Board 2025: एमपी में 10वीं और 12वीं की प्री-बोर्ड परीक्षाएं जनवरी के पहले सप्ताह में होंगी। स्कूलों को पाठ्यक्रम पूरा करने और सॉफ्ट कॉपी से प्रश्नपत्र उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए हैं।

MP Pre Board 2025: 10वीं-12वीं प्री-बोर्ड को लेकर बड़ा अपडेट, इस दिन से शुरू होगीं परीक्षाएं, आंसरशीट को लेकर ये निर्देश

हाइलाइट्स

  • जनवरी में होंगे प्री-बोर्ड, तैयारी तेज
  • 60 प्रतिशत पाठ्यक्रम अब भी अधूरा
  • सॉफ्ट कॉपी से मिलेंगे प्रश्नपत्र

MP Pre Board 2025 Dates: मध्य प्रदेश के सरकारी स्कूलों में पढ़ रहे 10वीं और 12वीं के विद्यार्थियों के लिए महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। इस बार प्री-बोर्ड परीक्षाएं जनवरी के प्रथम सप्ताह में आयोजित की जाएंगी। हाल ही में नौवीं से 12वीं तक की अर्द्धवार्षिक परीक्षाएं समाप्त हुई हैं, जिसके बाद स्कूल शिक्षा विभाग ने सभी स्कूलों को समय पर पाठ्यक्रम पूरा करने के निर्देश जारी कर दिए हैं। बोर्ड परीक्षाएं फरवरी के पहले सप्ताह से शुरू होंगी, इसलिए प्री-बोर्ड परीक्षा को अनिवार्य माना गया है, ताकि विद्यार्थियों की तैयारी का मूल्यांकन समय रहते हो सके।

प्री-बोर्ड के पैटर्न पर होंगी परीक्षाएं

अभी तक कई विद्यार्थियों और शिक्षकों को इस बात को लेकर असमंजस था कि क्या इस बार प्री-बोर्ड होगा या नहीं, लेकिन विभाग ने स्पष्ट कर दिया है कि प्री-बोर्ड परीक्षा हर हाल में आयोजित की जाएगी। विभाग ने स्कूलों को निर्देश दिया है कि प्री-बोर्ड के प्रश्नपत्र बोर्ड परीक्षा के पैटर्न पर ही तैयार किए जाएं, ताकि विद्यार्थियों को वास्तविक परीक्षा जैसी परिस्थिति का अनुभव मिल सके। स्कूल शिक्षा विभाग जल्द ही समय-सारिणी जारी करेगा।

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प्राचार्यों के लॉगइन पर प्रश्नपत्रों की सॉफ्ट कॉपी (soft copy) भेजी जाएगी, जिसे स्कूल प्रिंट करवाकर विद्यार्थियों को उपलब्ध कराएंगे। इस प्रक्रिया का उद्देश्य परीक्षा को समयबद्ध और समान रूप से संचालित करना है।

रिवीजन का समय कम

सरकारी स्कूलों में छमाही परीक्षाएं नवंबर में समाप्त हुई हैं, जबकि नियम के अनुसार इन्हें सितंबर में होना चाहिए था। इस देरी का सीधा असर विद्यार्थियों के अभ्यास पर पड़ रहा है। छमाही परीक्षा से पहले 60 प्रतिशत से अधिक पाठ्यक्रम पूरा होना आवश्यक था, लेकिन कई स्कूलों में अब भी काफी हिस्सा अधूरा है। इसी बीच शीतकालीन अवकाश भी आ जाएगा, जिससे विद्यार्थियों को रिवीजन के लिए पर्याप्त समय नहीं मिल पाएगा।

स्कूलों को साफ निर्देश हैं कि जो भी पाठ्यक्रम अभी तक अधूरा है, उसे जल्द से जल्द पूरा किया जाए। विभाग का मानना है कि प्री-बोर्ड परीक्षा में पूरा पाठ्यक्रम शामिल करना जरूरी है, क्योंकि फरवरी में शुरू होने वाली बोर्ड परीक्षा से पहले छात्रों को अभ्यास का पूरा अवसर मिलना चाहिए।

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