MP Electricity Circular Controversy: मध्यप्रदेश बिजली कंपनी का विवादित सर्कुलर, CGM अजय कुमार जैन को हटाया

MP Electricity Circular Controversy: मध्यप्रदेश में किसानों को सिर्फ 10 घंटे बिजली मिलने के एक सर्कुलर पर विवाद हो गया। सर्कुलर को रद्द करने के साथ ही CGM अजय कुमार जैन पर भी एक्शन हुआ है।

MP Electricity Circular Controversy: मध्यप्रदेश बिजली कंपनी का विवादित सर्कुलर, CGM अजय कुमार जैन को हटाया

हाइलाइट्स

  • मप्र बिजली कंपनी का विवादित सर्कुलर
  • CGM अजय कुमार हटाए गए
  • किसानों को 10 घंटे मिलेगी निर्बाध बिजली

MP Electricity Circular Controversy: मध्यप्रदेश बिजली कंपनी का विवादित सर्कुलर रद्द करने के साथ ही अब CGM अजय कुमार जैन को भी हटा दिया गया है। सीएम मोहन यादव ने किसानों को 10 घंटे निर्बाध बिजली मिलने की बात कही है।

विवादित आदेश रद्द

bijli order mp

CGM को हटाया

[caption id="attachment_926419" align="alignnone" width="1243"]cgm order CGM अजय कुमार जैन को हटाया[/caption]

चीफ जनरल मैनेजर अजय कुमार जैन O&M Section O/o MD (CZ) Bhopal सेक्शन से हटा दिया गया है। अब उन्हें Non-Conventional Energy (NCE) Section O/o MD (CZ) Bhopal सेक्शन में भेज दिया गया है।

सीएम मोहन यादव बोले-10 घंटे निर्बाध बिजली मिलेगी

https://twitter.com/CMMadhyaPradesh/status/1985999334073364929

सीएम मोहन यादव ने कहा कि हमारी सरकार किसानों के प्रति प्रतिबद्ध है। हमने कहा कि 10 घंटे निर्बाध गति से बिजली देना चाहिए तो देंगे। और कोई अधिकारी उल्टे-सुल्टे पत्र निकाल देता है तो उसके खिलाफ भी कार्रवाई करेंगे।

सर्कुलर पर विवाद

[caption id="attachment_926470" align="alignnone" width="1083"]order mp इस सर्कुलर पर विवाद जिसे निरस्त किया गया[/caption]

भोपाल संचा-संधा मुख्य महाप्रबंधक एके जैन के साइन वाला एक लेटर वायरल हुआ। जिसमें आदेशात्मक भाषा में कहा गया है कि राज्य शासन के निर्देशों के मुताबिक कृषि फीडरों को केवल 10 घंटे तक ही बिजली दी जा सकती है। अगर किसी फीडर पर लगातार इससे अधिक बिजली आपूर्ति की गई तो संबंधित अधिकारी जिम्मेदार माना जाएगा।

10 घंटे से ज्यादा बिजली दी तो होगी कार्रवाई

कृषि फीडरों पर निर्धारित बिजली आपूर्ति से ज्यादा होने पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी गई थी। लिखा गया था कि राज्य सरकार के निर्देशों के अनुसार, कृषि फीडरों पर निर्धारित 10 घंटे की अवधि से अधिक बिजली आपूर्ति पाए जाने पर अब 31 अगस्त, 2020 के परिपत्र में बताए निर्देशों पर कार्रवाई होगी।

ऑपरेटर के लिए दंड

यदि किसी माह में किसी कृषि फीडर पर एक दिन में 10 घंटे से अधिक आपूर्ति पाई जाती है, तो संबंधित ऑपरेटर का एक दिन का वेतन काटा जाएगा।

कनिष्ठ अभियंता (JE) के लिए दंड

यदि किसी माह में किसी फीडर पर लगातार दो दिनों तक प्रतिदिन 10 घंटे से अधिक आपूर्ति पाई जाती है, तो संबंधित कनिष्ठ अभियंता (JE) का एक दिन का वेतन काटा जाएगा।

उपमहाप्रबंधक (DGM) के लिए दंड

यदि किसी माह में किसी फीडर पर लगातार पांच दिनों तक प्रतिदिन 10 घंटे से अधिक आपूर्ति पाई जाती है, तो संबंधित उपमहाप्रबंधक (DGM) का एक दिन का वेतन काटा जाएगा।

महाप्रबंधक (GM) के लिए दंड

यदि किसी माह में किसी फीडर पर लगातार 7 दिनों तक प्रतिदिन 10 घंटे से अधिक आपूर्ति पाई जाती है, तो संबंधित महाप्रबंधक (GM) का एक दिन का वेतन काटा जाएगा।

हमें XFacebookWhatsAppInstagram पर फॉलो करें। हमारे यू-ट्यूब चैनल Bansal News MPCG को सब्सक्राइब करें।

MP Helmet Rules: एमपी में बाइक चालकों को आज आखिरी मौका, गुरुवार से पीछे बैठने वालों के लिए भी हेलमेट अनिवार्य

Madhya Pradesh (MP) Helmet Rules 2025 Update: मध्यप्रदेश में यातायात पुलिस ने सड़क दुर्घटनाओं को कम करने के उद्देश्य से एक बड़ा निर्णय लिया है। यातायात पुलिस आज यानी बुधवार, 5 अक्टूबर 2025 हेलमेट न पहनने वाले दोपहिया वाहन चालकों और पीछे बैठे व्यक्तियों को अंतिम बार केवल समझाइश दे रही है। गुरुवार, 6 नवंबर से पूरे मध्य प्रदेश में यह अभियान सख्ती से शुरू हो रहा है, जिसके तहत पीछे बैठने वाले व्यक्ति के लिए भी हेलमेट पहनना अनिवार्य होगा। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें...

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article