MP सरकार को केंद्र से मिलेंगे 44255 करोड़: ग्रामीण विकास, PHE, महिला बाल विकास को सबसे ज्यादा फंड, 4 विभागों को कुछ नहीं

Madhya Pradesh Development Schemes Fund Allocation 2025: नरेंद्र मोदी सरकार ने केंद्र सरकार द्वारा संचालित योजनाओं के लिए मध्यप्रदेश को दी जाने वाली राशि के प्रावधानों की घोषणा कर दी है।

MP Fund Allocation

हाइलाइट्स

  • योजनाओं पर 68519.05 करोड़ रुपए खर्च करने का फैसला
  • इसमें से केंद्र से मिलेंगे 44255.33 करोड़, बाकी राज्य का अंश
  • ग्रामीण विकास समेत 4 विभागों को सबसे ज्यादा फंड मिलेगा

MP Fund Allocation: नरेंद्र मोदी सरकार ने केंद्र सरकार द्वारा संचालित योजनाओं के लिए मध्यप्रदेश को दी जाने वाली राशि के प्रावधानों की घोषणा कर दी है। चालू वित्त वर्ष 2025-26 में केंद्र ने मोहन सरकार को करीब 8,000 करोड़ रुपए ज्यादा देने का फैसला किया है। मध्यप्रदेश सरकार को इसका भुगतान अगले वर्ष 31 मार्च तक किया जाएगा। वहीं योजनाओं के संयुक्त क्रियान्वयन के लिए कुल 68519.05 करोड़ रुपए खर्च किए जाने का फैसला किया। इसमें 44255.33 करोड़ रुपए केंद्र सरकार देगी जबकि 24263.71 करोड़ रुपए राज्य सरकार के अंश के रूप में शामिल होंगे।

पहले 16155 करोड़ कम मिले थे

2024-25 के केंद्रीय बजट में मोदी सरकार ने एमपी की मोहन सरकार को 37652 करोड़ रुपए देने का प्रावधान किया था, लेकिन 16155 करोड़ रुपए कम मिले थे और एमपी को केवल 21497 करोड़ रुपए ही मिले थे। अब इस वित्त वर्ष में पिछले बजट से ज्यादा राशि की घोषणा के बाद मध्यप्रदेश में विकास कार्यों में तेजी आने की उम्मीद है।

केंद्र-राज्य का संयुक्त बजट 68519 करोड़

मध्य प्रदेश में केंद्र और राज्य सरकार मिलकर योजनाओं पर 68519.05 करोड़ रुपए खर्च करने का निर्णय लिया है। इसमें से 44255.33 करोड़ रुपए केंद्र सरकार देगी और 24263.71 करोड़ रुपए राज्य सरकार का हिस्सा होगा। सूत्रों के अनुसार, केंद्र सरकार कुछ और योजनाओं के लिए अलग से भी फंड जारी कर सकती है, लेकिन इसके लिए बजट में कोई प्रावधान नहीं है।

केंद्र ने एक माह में दिए 283 करोड़ रुपए

मोदी सरकार ने केंद्र और राज्य के अनुपात के आधार पर योजनाओं के खर्च के लिए चालू वित्त वर्ष में मोहन सरकार को 28 अप्रैल तक 283.46 करोड़ रुपए दे दिए हैं। इसमें लोक निर्माण विभाग को केंद्रीय सड़क निधि के तहत 27.24 करोड़ रुपए मिले हैं। वहीं, किसान कल्याण और कृषि विकास विभाग को नेशनल मिशन ऑन नेचुरल फार्मिंग के लिए 39.14 करोड़ रुपए दिए गए हैं। केंद्र ने वित्त विभाग को 217.07 करोड़ रुपए अतिरिक्त केंद्रीय सहायता के लिए दिए हैं।

कृषि, महिला-बाल विकास और जन जीवन मिशन की राशि दोगुना से ज्यादा बढ़ी

  • मप्र कृषि और ग्रामीण विकास विभाग को पिछले बजट से ज्यादा राशि मिलेगी।
  • पिछले वित्त वर्ष में ग्रामीण विकास विभाग को 8561.16 करोड़ रुपए मिले थे।
  • इस साल 9819.34 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।
  • कृषि विकास विभाग को पिछले साल 237.36 करोड़ रुपए मिले थे।
  • इस वित्त वर्ष में 1005.46 करोड़ रुपए देने का फैसला किया गया है।
  • महिला एवं बाल विकास विभाग को पिछले वित्त वर्ष में 1541 करोड़ रुपए मिले थे।
  • इस वित्त वर्ष में 4448.40 करोड़ का प्रावधान किया गया है यानी दोगुने से अधिक।
  • पिछले वित्त वर्ष में 4400 करोड़ के प्रावधान के बावजूद प्रदेश को जल जीवन मिशन में एक रुपया नहीं मिला था।
  • इस वित्त वर्ष में 8561.22 करोड़ रुपए का प्रावधान किया गया है।

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इस पांच विभागों को मिलेगा सबसे ज्यादा फं

  • ग्रामीण विकास विभाग को 9819.34 करोड़ रुपए।
  • जल जीवन मिशन के लिए लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग को 8561.22 करोड़ रुपए।
  • लोक स्वास्थ्य और परिवार कल्याण विभाग को 5108.44 करोड़ रुपए।
  • महिला और बाल विकास विभाग को 4448.40 करोड़ रुपए।
  • स्कूल शिक्षा विभाग को 3700.00 करोड़ रुपए।

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