MP में समयमान वेतनमान का सवाल: शिक्षकों को क्रमोन्नति के बाद चौथे समयमान वेतन का लाभ, मंत्रालयीन कर्मचारी वंचित क्यों ?

MP Ministry Officers Employees Choutha Samaymaan Vetanman Demand: मध्यप्रदेश के पात्र मंत्रालयीन अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक बार फिर से चौथे समयमान वेतनमान का मुद्दा उठाया है। मंत्रालय सेवा अधिकारी/कर्मचारी संघ ने मुख्यमंत्री मोहन यादव सहित जिम्मेदार अफसरों से गुहार लगाई हैं।

MP Ministry Service Employees Choutha Samaymaan Vetanman Demand

MP Ministry Service Employees Choutha Samaymaan Vetanman Demand

MP Ministry Officers Employees Choutha Samaymaan Vetanman Demand: मध्यप्रदेश के मंत्रालयीन अधिकारियों और कर्मचारियों ने एक बार फिर से चौथे समयमान वेतनमान (Choutha Samaymaan Vetanman) का मुद्दा उठाया है। इसके लिए मंत्रालय सेवा अधिकारी/कर्मचारी संघ ने मुख्यमंत्री मोहन यादव (CM Mohan Yadav) सहित जिम्मेदार अफसरों से गुहार लगाई हैं।

मंत्रालय सेवा अधिकारी कर्मचारी संघ अध्यक्ष इंजीनियर सुधीर नायक (Ministry Service Officer Employees Union President Engineer Sudhir Nayak) और कार्यकारी अध्यक्ष राजकुमार पटेल (Executive President Rajkumar Patel) ने कहा कि संघ साल 2023 से चौथे समयमान वेतनमान (Choutha Samaymaan Vetanman) की मांग उठा रहा हैं। एमपी (Madhya Pradesh) में मंत्रालय के 50 से 60 कर्मचारी चौथे समयमान वेतनमान के लिए पात्र हैं। लेकिन फिर भी मध्यप्रदेश सरकार (Madhya Pradesh Government) कर्मचारियों को लाभ देने में देरी कर रही हैं।

Ministry Service Officer Employees Union President Engineer Sudhir Nayak

शिक्षकों के मुकाबले मंत्रालयीन कर्मचारी कम

मंत्रालय सेवा अधिकारी कर्मचारी संघ अध्यक्ष इंजीनियर सुधीर नायक कहते हैं कि सरकार ने हाल ही में क्रमोन्नति के बाद भी शिक्षकों (Teachers) का चौथा समयमान वेतनमान मंजूर (Fourth time scale pay Approved) किया है। बहुत जल्द प्रदेश के डेढ़ लाख शिक्षकों (1.5 Lakh Teachers) को इसका लाभ भी मिलने लगेगा। शिक्षकों की यह संख्या मंत्रालयीन अधिकारी-कर्मचारियों से कई अधिक हैं।

समानता के आधार पर लाभ देना चाहिए

शिक्षक क्रमोन्नति योजना (Teacher Promotion Scheme) में आते हैं, फिर भी सरकार ने उन्हें चौथे समयमान वेतनमान का लाभ देने का निर्णय लिया है। लेकिन मंत्रालयीन कर्मचारियों को चौथा समयमान न दिया जाना समझ से परे है। समानता के सिद्धांत (Principle Equality) के आधार पर मंत्रालयीन कर्मचारियों को चौथा समयमान दिया जाना उचित होगा।

MP Choutha Samaymaan Vetanman

प्रदेश के ढाई लाख कर्मचारी पात्र

प्रदेश के करीब ढाई लाख से अधिक कर्मचारी चौथा समयमान वेतनमान की पात्रता रखते हैं। प्रदेश में अब तक कर्मचारियों को तृतीय समयमान वेतनमान की पात्रता थी, जबकि राज्य प्रशासनिक और वित्त सेवा के अधिकारियों को पांचवां समयमान वेतनमान दिया जा रहा है।

कैसे हुआ इस वेतनमान का प्रावधान

साल 2006 से पहले प्रदेश के अधिकारी-कर्मचारी को क्रमोन्नत वेतनमान दिया जाता था। जिन्हें प्रमोशन नहीं मिल पाता था, उन्हें यह वेतनमान दिया जाता है। 2006 में छठवां वेतनमान लागू हुआ, तब इसे समयमान वेतनमान कर दिया गया।

[caption id="attachment_833553" align="alignnone" width="1249"]MP Choutha Samaymaan Vetanman (1) MP Choutha Samaymaan Vetanman (1)[/caption]

किस अवधि में क्या है प्रावधान

1 अप्रैल 2006 के बाद 10 साल की सेवा अवधि पूरी करने पर पहला, 20 साल बाद दूसरा और 30 साल में तीसरा समयमान वेतनमान दिया जाता है। यह वेतन लागू होने से पहले सिर्फ डॉक्टर्स के लिए चौथा समयमान वेतनमान लागू था।

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