भोपाल खुशीलाल हॉस्पिटल में आयुर्वेद पर्व: CM मोहन यादव बोले उज्जैन में खोलेंगे अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान

MP Ayurveda Parv 2025: भोपाल खुशीलाल हॉस्पिटल में आयुर्वेद पर्व: CM मोहन यादव बोले उज्जैन में खोलेंगे अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान

भोपाल खुशीलाल हॉस्पिटल में आयुर्वेद पर्व: CM मोहन यादव बोले उज्जैन में खोलेंगे अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान

MP Ayurveda Parv 2025: भोपाल स्थित शासकीय पंडित खुशीलाल शर्मा आयुर्वेदिक संस्थान में सोमवार से तीन दिवसीय आयुर्वेद पर्व का आयोजन शुरू होगा। इस कार्यक्रम का आयोजन अखिल भारतीय आयुर्वेद महासम्मेलन की भागीदारी से हो रहा है, और इसका उद्घाटन मुख्यमंत्री मोहन यादव ने किया। मुख्यमंत्री ने इस अवसर पर कहा कि कुछ लोग मानते हैं कि आयुर्वेद की दवाइयां धीरे असर करती हैं, लेकिन मेरे अनुभव से आयुर्वेद ने तेजी से प्रभाव दिखाया। आयुर्वेद ने ऐसा असर दिखाया कि मैं शिक्षा मंत्री से मुख्यमंत्री बन गया।

उज्जैन महाकुंभ में करेंगे आयुर्वेद पर्व का आयोजन

मध्यप्रदेश में 2028 में महाकुंभ का आयोजन होने जा रहा है, और विश्वास रखने वाले लोग पूरी श्रद्धा से 2028 का इंतजार करेंगे। मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि इस महाकुंभ के दौरान आयुर्वेद पर्व का आयोजन किया जाएगा। सीएम यादव ने कहा कि आयुर्वेद एक प्राचीन परंपरा है जो हजारों साल पुरानी है।

publive-image आज जब पूरी दुनिया इसकी ओर आकर्षित हो रही है, तो हम इसका प्रचार-प्रसार करने वाले राजदूत हैं। हमारे प्रधानमंत्री इसके ब्रांड एंबेसडर के रूप में काम कर रहे हैं, और वे भारत से बाहर जाकर भी हर क्षेत्र में आयुर्वेद को बढ़ावा दे रहे हैं।

उज्जैन में होगी आयुर्वेद संस्थान की शुरुआत
सीएम ने कहा कि घोषणा की कि ‘उज्जैन में अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान खोला जाएगा। आयुर्वेद से जुड़ी संस्थानों को उज्जैन में जमीन दी जाएगी। उन्होंने कहा कि भारत में वह सारी चीजें मौजूद हैं, जिनके बारे में दुनिया की जिज्ञासा बढ़ रही है, और हमारी भूमिका और जिम्मेदारी इस संदर्भ में और बढ़ गई है। हमें आयुर्वेद के मूल सिद्धांतों को बनाए रखने के लिए सतर्क रहना होगा। जब हमारी सरकार फिर से बनी, तो हमने यह संकल्प लिया कि 11 नए आयुर्वेदिक कॉलेज खोले जाएंगे, जो हमारे लिए गर्व की बात है।
हिंदी में होगी यूनानी चिकित्सा की पढ़ाई
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सीएम ने कहा एलोपैथिक चिकित्सा की तरह ही यूनानी चिकित्सा की पढ़ाई भी हिन्दी में होगी। मध्यप्रदेश में 55 सरकारी जिले और 56 मेडिकल कॉलेज हैं, और अब 11 और कॉलेज जोड़ने से यह संख्या 67 हो जाएगी। सीएम ने यह भी कहा कि हम लगातार प्रयास कर रहे हैं। नई शिक्षा नीति 2020 के तहत, एक ही विश्वविद्यालय में विभिन्न प्रकार के कोर्स पढ़ाने की अनुमति मिल गई है। अब, आयुर्वेद से संबंधित सभी संस्थानों को उज्जैन में भूमि प्रदान की जाएगी।

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