Modi Cabinet Decisions: मोदी कैबिनेट में उज्ज्वला योजना के लिए 12 हजार करोड़, तकनीकी शिक्षा के लिए 4200 करोड़ का पैकेज

Modi Cabinet Decisions: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई केंद्रीय कैबिनेट बैठक में शुक्रवार को पांच अहम फैसले लिए गए। इनमें उज्ज्वला योजना, सस्ती रसोई गैस, तकनीकी शिक्षा और पूर्वोत्तर राज्यों के विकास के लिए हजारों करोड़ रुपये की मंजूरी शामिल है।

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हाइलाइट्स  

  •  उज्ज्वला को 12,060 व LPG सब्सिडी को 30,000 करोड़ की मंजूरी

  • तकनीकी शिक्षा सुधार के लिए MERITE योजना स्वीकृत

  • मरक्कनम–पुडुचेरी हाईवे चार लेन में अपग्रेड होगा

Modi Cabinet Decisions:  प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में शुक्रवार 8 जुलाई को ही केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में पांच बड़े फैसले लिए गए हैं। कैबिनेट ने उज्ज्वला योजना के लिए 120060 करोड रुपए मंजूर किए हैं। देश में सस्ती रसोई गैस के लिए 30000 करोड़ की राशि मंजूर की गई है। तकनीकी शिक्षा के विकास के लिए 4200 करोड रुपए की राशि मंजूर की गई है। पूर्वोत्तर राज्यों के विकास के पैकेज के तहत कैबिनेट ने असम और त्रिपुरा राज्य के विकास के लिए 4250 करोड रुपए की राशि मंजूर की है। मरक्करम- पुडुचेरी 4 लेन हाईवे को भी मंजूरी दी गई है।

https://twitter.com/PIB_India/status/1953765637647380656

Sr NoDecisionAmount (Cr)
1Strengthening PM Ujjwala Yojana12,060
2Affordable LPG for households30,000
3Strengthening technical education institutions4,200
4Special development package for Assam and Tripura4,250
5Marakkanam – Puducherry 4-lane highway2,157

उज्ज्वला लाभार्थियों को 12,060 करोड़ रुपये की सहायता 

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केंद्र सरकार ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना को और मजबूत करने के लिए बड़ा कदम उठाया है। अब तक 2024-25 तक इस योजना पर 52 हजार करोड़ रुपये खर्च किए जा चुके हैं, जिससे महिलाओं के जीवन में सकारात्मक बदलाव आया है। कैबिनेट ने 2025-26 के लिए उज्ज्वला लाभार्थियों को 12,060 करोड़ रुपये की सहायता मंजूर की है। इसके तहत प्रति गैस सिलेंडर 300 रुपये की सब्सिडी दी जाएगी, जिससे देशभर के 10.33 करोड़ परिवारों यानी करीब 45 करोड़ लोगों को फायदा मिलेगा।

तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में सुधार (MERITE)

केंद्र सरकार ने तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में सुधार और नवाचार को बढ़ावा देने के लिए मल्टीडिसिप्लिनरी एजुकेशन एंड रिसर्च इम्प्रूवमेंट इन टेक्निकल एजुकेशन (MERITE) योजना को मंजूरी दी है। 4,200 करोड़ रुपये की इस परियोजना के तहत देशभर के 175 इंजीनियरिंग संस्थानों और 100 पॉलिटेक्निक संस्थानों को सहायता दी जाएगी।

पांच वर्षों (2025-2030) तक चलने वाली इस योजना से 7.5 लाख से अधिक छात्रों और 13 हजार शिक्षकों को सीधा लाभ मिलेगा। राज्य सरकार के अधीन आने वाले तकनीकी संस्थानों को गुणवत्ता सुधार कार्यक्रम, लैब और कक्षा सुविधाओं का उन्नयन, इन्फ्रास्ट्रक्चर विकास, पाठ्यक्रम सुधार, इंटर्नशिप और प्लेसमेंट सेवाओं पर विशेष जोर दिया जाएगा।

MERITE के फीचर्स 

गुणवत्ता सुधार कार्यक्रम: लैब, कक्षा की सुविधाओं, बुनियादी ढांचे और पाठ्यक्रम का उन्नयन।

इंटर्नशिप और नौकरी दिलाने की सेवाओं पर खास ध्यान।

नवाचार: रिसर्च हब, इनोवेशन और इनक्यूबेशन सेंटर की स्थापना।

बेहतर प्रबंधन: गवर्निंग बोर्ड का गठन और शिक्षकों के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम।

दुनिया की बेहतरीन शिक्षा पद्धतियों को लागू करना।

प्रदर्शन आधारित फंडिंग: तय नतीजे हासिल होने पर ही फंड जारी।

संस्थानों का संचालन डेटा के आधार पर करना।

त्रिपुरा और असम के लिए स्पेशल पैकेज  

केंद्र सरकार ने असम और त्रिपुरा के लिए खास विकास पैकेज मंजूर किया है। पिछले 10 साल में बातचीत से कई पुराने विवाद खत्म हुए हैं और करीब 10,000 लोग हथियार छोड़ चुके हैं। अलग-अलग समूहों को समाज की मुख्यधारा में जोड़ने के लिए चार समूहों के साथ समझौता हुआ है। इस पैकेज में कुल 7,250 करोड़ रुपये मिलेंगे, जिसमें 4,250 करोड़ रुपये केंद्र और 3,000 करोड़ रुपये राज्य सरकार देगी।

मरिक्कनम-पुडुचेरी हाईवे  

[caption id="attachment_874220" align="alignnone" width="960"]modi-cabinet-decisions-ujjwala-yojana-sasti-gas-marakkaram-puducherry-4-lane-highway-hindi-news-zxc मरिक्कनम-पुडुचेरी हाईवे का डायग्राम[/caption]

मरिक्कनम से पुडुचेरी तक के 46 किलोमीटर लंबे हिस्से को चार लेन में अपग्रेड किया जाएगा। यह हिस्सा 264 किलोमीटर लंबे चेन्नई–पुडुचेरी–नागपट्टिनम कॉरिडोर का एकमात्र दो लेन वाला सेक्शन है। परियोजना में 11 किलोमीटर मौजूदा सड़क को चौड़ा किया जाएगा और 35 किलोमीटर नई सड़क बनाई जाएगी। कुल लागत 2,157 करोड़ रुपये है और काम हाइब्रिड एन्‍युइटी मॉडल के तहत होगा। परियोजना की अवधि 17 साल होगी, जिसमें 2 साल निर्माण के लिए हैं।

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