भोपाल पुलिस की वॉर्निंग: सोशल मीडिया पर कुछ भी पोस्ट करने से पहले पढ़ लें ये नियम, नहीं तो खानी पड़ सकती है जेल की हवा

भोपाल पुलिस ने सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया है। खंडवा और छिंदवाड़ा में सोशल मीडिया पोस्ट की वजह से माहौल बिगाड़ने वाली घटनाएं हुई थीं।

Social Media Post Rules Bhopal Police Advisory hindi news

Bhopal Police Social Media Post Rules: मध्यप्रदेश में खंडवा और छिंदवाड़ा में हुईं माहौल बिगाड़ने वाली घटनाओं को देखते हुए भोपाल पुलिस ने सोशल मीडिया पोस्ट को लेकर आदेश जारी किया है। प्रतिबंधात्मक आदेश में लिखा गया है कि किस तरह की पोस्ट नहीं करनी है।

भोपाल पुलिस का आदेश

Bhopal Police Social Media Post Rules

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भड़काऊ मैसेज नहीं करेंगे

कोई भी व्यक्ति सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म जैसे- फेसबुक, व्हाट्सएप, टूट्विटर, इंस्टाग्राम, हाईक, एस.एम.एस. टेलीग्राम एवं अन्य सोशल मीडिया साइट आदि का दुरुपयोग कर धार्मिक, सामाजिक, जातिगत भावनाओं एवं विद्वेष को भड़काने के लिए किसी भी प्रकार के संदेशों का प्रसारण नहीं करेगा।

भड़काऊ मैसेज फॉरवर्ड नहीं करेंगे

कोई भी व्यक्ति सोशल मीडिया के किसी भी प्लेटफॉर्म में किसी भी प्रकार के आपत्तिजनक एवं उन्माद फैलाने वाले संदेश, फोटो, वीडियो, ऑडियो इत्यादि जिससे धार्मिक, सामाजिक, जातिगत आदि भावनाएं भड़क सकती हैं या सांप्रदायिक विद्वेष पैदा हो सकता है उसे प्रसारित नहीं करेगा।

ग्रुप एडमिन की जिम्मेदारी

सोशल मीडिया के किसी भी पोस्ट जिसमें धार्मिक, सांप्रदायिक एवं जातिगत भावना भड़कती हो, को कमेंट, लाइक, शेयर या फॉरवर्ड नहीं करेगा। ग्रुप एडमिन की यह व्यक्तिगत जिम्मेदारी होगी कि वह ग्रुप में इस प्रकार के संदेशों को रोके।

उकसाने, हिंसा फैलाने की कोशिश नहीं करेंगे

कोई भी व्यक्ति सामुदायिक, धार्मिक, जातिगत विद्वेष फैलाने या लोगों अथवा समुदाय के मध्य घृणा, वैमनस्यता पैदा करने या दुष्प्रेरित करने या उकसाने या हिंसा फैलाने का प्रयास उपरोक्त माध्यमों से नहीं करेगा और न ही इसके लिए किसी को प्रेरित करेगा।

अफवाह और तथ्यों को तोड़-मरोड़कर पेश किए गए मैसेज रोकेंगे

कोई भी व्यक्ति अफवाह या तथ्यों को तोड़-मरोड़कर भड़काकर उन्माद उत्पन्न करने वाले संदेश जिससे लोग या समुदाय विशेष, हिंसा या गैरकानूनी गतिविधियों में शामिल हो जाएं, को प्रसारित नहीं करेगा और न ही लाइक, शेयर या फॉरवर्ड करेगा और न ही ऐसा करने के लिए किसी को प्रेरित करेगा।

गैर-कानूनी गतिविधियों के आह्वान के मैसेज नहीं भेजेंगे

कोई भी व्यक्ति, समुदाय ऐसे संदेशों को प्रसारित नहीं करेगा, जिसमें किसी व्यक्ति, संगठन, समुदाय आदि को एक स्थान पर एक राय होकर जमा होने और उनसे कोई गैरकानूनी गतिविधियां करने के लिए आह्वान किया गया हो, जिससे कानून एवं शांति व्यवस्था भंग होने की प्रबल संभावना विद्यमान हो।

साइबर कैफे वालों के लिए गाइडलाइन

भोपाल शहर की सीमा में किसी भी साइबर कैफे के स्वामी/संचालक द्वारा किसी भी अनजान व्यक्ति जिसका परिचय किसी विश्वसनीय प्रमाण-पत्र जैसे-परिचय पत्र, मतदाता पहचान पत्र, राशन कार्ड, ड्राइविंग लाइसेंस, पासपोर्ट फोटो युक्त, पैन कार्ड या ऐसे ही अन्य साक्ष्य से प्रमाणित न हो को साइबर कैफे का उपयोग नहीं करने दिया जाएगा। साइबर कैफे के स्वामी/संचालक द्वारा समस्त आगंतुकों/प्रयोगकर्ताओं का रजिस्टर रखा जाना आवश्यक है जिसमें उनका हस्तलिखित नाम, पता, दूरभाष नम्बर तथा परिचय का प्रमाण पत्र अंकित हो इसके बिना सायबर कैफे का प्रयोग वर्जित होगा। साइबर कैफे में बिना वेब कैमरा लगाए जिसमें प्रत्येक आगंतुक/प्रयोगकर्ताओं की फोटो खींची जा सके तथा उसका अभिलेख सुरक्षित रखा जाना आवश्यक होगा।

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आदेश का उल्लंघन दंडनीय अपराध

भोपाल पुलिस का आदेश अगले 2 महीने तक लागू रहेगा। इस आदेश का उल्लंघन करना भारतीय न्याय संहिता 2023 की धारा 223 के तहत दंडनीय अपराध है।

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