अब नहीं रुकेगी लाड़ली लक्ष्मी योजना की स्कॉलरशिप: यूनिपे से सीधे खाते में भेजी जाएगी राशि

Ladali Laksmi Yojana Scholarship Payment: अब नहीं रुकेगी लाड़ली लक्ष्मी योजना की स्कॉलरशिप: यूनिपे से सीधे खाते में भेजी जाएगी राशि

अब नहीं रुकेगी लाड़ली लक्ष्मी योजना की स्कॉलरशिप: यूनिपे से सीधे खाते में भेजी जाएगी राशि

Ladali Laksmi Yojana Payment: मध्य प्रदेश की महिला बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने बताया कि नए साल से मुख्यमंत्री लाडली लक्ष्मी योजना के तहत पंजीकृत योग्य बालिकाओं को छात्रवृत्ति और प्रोत्साहन राशि का भुगतान UNIPAY के जरिए किया जाएगा। इस व्यवस्था के लागू होने से अब छात्रवृत्ति और प्रोत्साहन राशि सीधे बालिका के खाते में UNIPAY के माध्यम से पहुंच सकेगी। इसके अलावा, भुगतान की जानकारी बालिका को मोबाइल पर SMS के जरिए भी प्राप्त होगी। इस प्रकार, अब भुगतान की प्रक्रिया और अधिक सटीक हो गई है।

अब तक 813.64 करोड़ स्वीकृत

मुख्यमंत्री लाडली लक्ष्मी योजना (Ladali Laksmi Yojana) के तहत बालिकाओं को कक्षा 6, कक्षा 9, कक्षा 11 और कक्षा 12 में छात्रवृत्ति देने के साथ-साथ स्नातक के पहले और अंतिम वर्ष में प्रोत्साहन राशि भी दी जाती है। अब तक लगभग 29 लाख से अधिक बालिकाओं को 813.64 करोड़ रुपये की छात्रवृत्ति स्वीकृत की जा चुकी है। पहले यह राशि जिलों के माध्यम से आहरित कर संबंधित बालिका के खाते में डिपोजिट की जाती थी, जिससे समय लगता था और बालिका को सूचना नहीं मिल पाती थी। लेकिन UNIPAY के जरिए भुगतान प्रक्रिया अब अधिक प्रभावी और पारदर्शी बन गई है।

पहले इस तरह मिलती थी राशि

पहले यह राशि जिलों के द्वारा आहरित कर संबंधित बालिका के खाते में जमा की जाती थी, जिससे समय लगता था और बालिका को इसकी सूचना भी नहीं मिल पाती थी। अब यूनिपे के माध्यम से भुगतान प्रक्रिया अधिक प्रभावी और पारदर्शी हो गई है।

यह भी पढ़ें: एमपी में इस महीने 22 दिन चलेगी शीतलहर: अगले तीन दिनों में 14 जिलों में कोल्ड डे, सीजन में सबसे ठंडा रहा साल का पहला दिन

लाड़ली बहना योजना की तर्ज पर होगी पेमेंट

महिला बाल विकास मंत्री निर्मला भूरिया ने बताया कि विभाग लाड़ली बहना योजना के लाभार्थियों को सहायता राशि यूनिपे पेमेंट पोर्टल के जरिए हस्तांतरित करता है। इसके लिए प्रत्येक लाभार्थी का बैंक खाता आधार से लिंक और डीबीटी इनबिल्ट होना जरूरी है, और इस पोर्टल का संचालन एमपीएसईडीसी द्वारा किया जा रहा है। इसमें कोई मैन्युअल हस्तक्षेप नहीं किया जाता।

यह भी पढ़ें: एमपी के 1.25 लाख संविदा कर्मचारियों को मिलेगा 50% आरक्षण: शिवराज ने सीएम रहते हुए किया था वादा

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article