Krishna Janmabhoomi Case: श्रीकृष्ण जन्म भूमि-शाही ईदगाह मामले में हिंदू पक्ष को बड़ा झटका, HC ने खारिज की याचिका

Krishna Janmabhoomi Case: श्रीकृष्ण जन्म भूमि-शाही ईदगाह मामले में हिंदू पक्ष को इलाहाबाद हाई कोर्ट ने बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने मथुरा स्थित श्री कृष्ण जन्मभूमि शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में मंदिर पक्ष की वह अर्जी खारिज कर दी है।

Krishna Janmabhoomi Case: श्रीकृष्ण जन्म भूमि-शाही ईदगाह मामले में हिंदू पक्ष को बड़ा झटका, HC ने खारिज की याचिका

हाइलाइट्स 

  • श्रीकृष्ण जन्म भूमि-शाही ईदगाह मामले में हिंदू पक्ष को बड़ा झटका
  • शाही मस्जिद को गिराने की याचिका खारिज
  • श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष डाली थी याचिका

Krishna Janmabhoomi Case: श्रीकृष्ण जन्म भूमि-शाही ईदगाह मामले में हिंदू पक्ष को इलाहाबाद हाई कोर्ट ने बड़ा झटका दिया है। कोर्ट ने मथुरा स्थित श्री कृष्ण जन्मभूमि शाही ईदगाह मस्जिद विवाद मामले में मंदिर पक्ष की अर्जी खारिज कर दी है। अधिवक्ता महेंद्र प्रताप सिंह द्वारा दाखिल याचिका में भविष्य की सभी कार्यवाहियों में ईदगाह मस्जिद को विवादित संरचना के रूप में संदर्भित करने की मांग की गई थी।

शुक्रवार को श्रीकृष्ण जन्मभूमि व शाही ईदगाह मामले में शुक्रवार को इलाहाबाद हाईकोर्ट में शाही ईदगाह को विवादित ढांचा घोषित करने वाली याचिका पर सुनवाई हुई। इससे पहले 23 मई को कोर्ट ने मामले पर सुनवाई करते हुए अपना फैसला सुरक्षित रख लिया था और आज यानि 4 जुलाई को कोर्ट अपना फैसला सुनाने वाला था। गौरतलब है कि महेंद्र प्रताप सिंह ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में मांग की है शाही ईदगाह को विवादित ढांचा घोषित कर दिया जाए, जैसा कि अयोध्या में बाबरी मस्जिद मामले में किया गया था, जानकारी के मुताबिक महेंद्र प्रताप सिंह श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष हैं।

यह भी पढ़ें:UP Housing Policy 2025: UP में हाउसिंग पॉलिसी में बड़ा बदला, मकान में बना सकेगें दुकान, केबिनेट पास हुआ प्रस्ताव

हाईकोर्ट में हिंदू पक्ष ने क्या रखी थी दलील

श्रीकृष्ण जन्मभूमि मुक्ति न्यास के अध्यक्ष महेंद्र प्रताप सिंह ने कोर्ट में दलील रखते हुए कहा कि श्रीकृष्ण जन्मभूमि के समीप जो ईदगाह स्थित है उसे विवादित ढांचा घोषित किया जाए, जैसा कि अयोध्या के बाबरी मस्जिद मामले में किया गया था। इसके साथ ही हिंदू पक्ष ने दावा किया कि मथुरा की शाही मस्जिद श्रीकृष्ण जन्मभूमि के मूल गर्भगृह को तोड़कर ही बनी है, इसपर हिंदू पक्ष का विरोध था, कोर्ट में दलील के साथ लिखित आपत्ति दाखिल की गई थी, दोनों पक्षों को सुनने के बाद न्यायमूर्ति राम मनोहर नारायण मिश्र की कोर्ट ने शाही ईदगाह को विवादित ढांचा घोषित करने वाली याचिका पर फैसला सुरक्षित रख लिया था।

क्या है शाही मस्जिद विवाद

यह पूरा विवाद स्वामित्व को लेकर है और इस जमीन हिंदू पक्ष और मुस्लिम पक्ष दोनों यह कहता है कि उसका इस जमीन पर मालिकाना हक है, जमीन 11 एकड़ हिस्सा श्रीकृष्ण जन्मभूमि मंदिर के पास है तो 2.37 एकड़ पर शाही ईदगाह मस्जिद बनी है। इस पर हिंदू पक्ष यह दावा करता है,  सन्1669-70 में प्राचीन केशवदेव मंदिर को तोड़कर मुगल सम्राट औरंगजेब ने मस्जिद का निर्माण  कराया था। मगर श्रीकृष्ण जन्मभूमि का इतिहास उससे पहले का है। हिंदू पक्ष का कहना है कि यहां भगवान श्री कृष्ण का जन्म हुआ था। और पूरी जमीन मंदिर की है। वहीं, मुस्लिम पक्ष इस दावे को खारिज करता है और कहता है कि मस्जिद का निर्माण वैध है। हाई कोर्ट द्वारा खारिज याचिका के बाद हिंदू पक्ष सुप्रीम कोर्ट का रूख करेगा।

UP Out Sourcing Employee Salary: अब हर 5 तारीख को बैंक अकाउंट में आएंगी आउटसोर्स कर्मचारियों की सैलरी, प्रस्ताव पास

गुरूवार 3 जुलाई को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट की बैठक में (Out Sourcing Employee Salary) आउटसोर्सिंग कार्मिकों के श्रम अधिकारों, पारिश्रमिक और सामाजिक सुरक्षा की रक्षा के लिए एक ऐतिहासिक निर्णय लिया है। इसके साथ ही उन्होंने “उत्तर प्रदेश आउटसोर्स सेवा निगम (UPCOS)” के गठन को मंजूरी दी है। पूरी खबर पढ़ने के लिए क्लिक करें

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article