KHAIRAGADH NEW DISTRIC: खैरागढ़ को जिला बनाने की तैयारी हुई तेज,सरकार ने अफसरों को लगाया काम पर

नए जिले के गठन का अधिकार पूरी तरह राज्य सरकार के पास होता है। वह किसी क्षेत्र को नया जिला घोषित कर सकती है। सामान्य तौर पर इसे एक कार्यकारी..

KHAIRAGADH NEW DISTRIC: खैरागढ़ को जिला बनाने की तैयारी हुई तेज,सरकार ने अफसरों को लगाया काम पर

KHAIRAGADH: खैरागढ़ विधानसभा उपचुनाव में कांग्रेस की जीत के साथ ही इसे जिला बनाने की प्रशासनिक तैयारी शुरू हो गई है। सरकार की  कोशिश हो रही है कि शाम तक जिला गठन का शुरुआती नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाए। इसमें नए जिले की सीमा आदि पर दावा-आपत्ति भी मंगाने की प्रक्रिया भी शामिल होगी।

कांग्रेस का था चुनावी वादा

खैरागढ़ उपचुनाव में कांग्रेस ने बकायदा घोषणापत्र जारी किया था। इसमें पहला ही वादा नए जिले का था। इस जिले का नाम 'खैरागढ़-छुईखदान-गंडई' होने वाला है। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल अपने चुनावी जनसभाओं में यह वादा बार-बार दोहराते रहे हैं। उन्होंने यहां तक कह दिया था, 16 अप्रैल को खैरागढ़ में कांग्रेस का विधायक बनेगा और 17 अप्रैल को 'खैरागढ़-छुईखदान-गंडई' नया जिला बन जाएगा। कांग्रेस का पूरा प्रचार अभियान इस जिले के इर्द-गिर्द केंद्रित रहा।  वैसे कांग्रेस नेताओं का कहना है, इस मामले में सरकार ने अधिकारियों के साथ बैठक कर नए जिले की सीमा आदि पर पहले ही चर्चा कर ली है। 24 घंटे के भीतर जिला बनाने का वादा था। जीत की औपचारिक घोषणा के 24 घंटे के भीतर यह वादा पूरा कर दिया जाएगा।

नए जिले को बनाने की क्या है प्रक्रिया
नए जिले के गठन का अधिकार पूरी तरह राज्य सरकार के पास होता है। वह किसी क्षेत्र को नया जिला घोषित कर सकती है। सामान्य तौर पर इसे एक कार्यकारी आदेश के जरिए गठित किया जाता है। शुरुआत में प्रस्तावित जिले की सीमाओं आदि विवरण के साथ राजपत्र में अधिसूचना प्रकाशित होती है। इसपर नागरिकों से दावा-आपत्ति मंगाया जाता है। इसकी सुनवाई के बाद जिला गठन की अधिसूचना जारी होती है।

राजनांदगांव के बंटने से होगा इसका निर्माण
खैरागढ़-छुईखदान-गंडई के नया जिला बनने से पुराना राजनांदगांव जिला तीन हिस्सों में बंट जाएगा। इसी जिले में एक नया जिला मोहला-मानपुर-चौकी भी प्रस्तावित है। बताया जा रहा है, अभी राजनांदगांव जिले का क्षेत्र 8 हजार 70 वर्ग किलोमीटर है। प्रस्तावित मोहला-मानपुर-चौकी जिले में अम्बागढ़ चौकी, मोहला और मानपुर तहसीलें चली जाएंगी। वहीं खैरागढ़-छुईखदान-गंडई जिले में खैरागढ़ और छुईखदान तहसीलों के साथ डोंगरगढ़ तहसील का भी कुछ हिस्सा शामिल हो सकता है। मूल राजनांदगांव जिले में चार तहसीलें राजनांदगांव, डोंगरगढ़, डोंगरगांव और छुरिया शामिल रहेंगी।

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article