Chenab River Bridge : नीचे बादल ऊपर पुल, कभी देखा है ऐसे ब्रिज का नजारा, किसी अजूबे से कम नहीं

Chenab River Bridge : नीचे बादल ऊपर पुल, कभी देखा है ऐसे ब्रिज का नजारा, किसी अजूबे से कम नहीं jammu kashmir chenab river bridge see the bridge pictures vkj

Chenab River Bridge : नीचे बादल ऊपर पुल, कभी देखा है ऐसे ब्रिज का नजारा, किसी अजूबे से कम नहीं

Chenab River Bridge : जम्मू कश्मीर की खुबसूरती की बात ही कुछ अलग हैं। वर्फीले पहाड़, कश्मीर की वादियां, कल-कल बहती नदियां ऐसे नजारे देखने देशभर से लाखों की तादात में सैलानियां पहुंचते है। जम्मू कश्मीर की इस खुबसूरती में चिनाब नदी (Chenab River Bridge) भी चार चांद लगा रही है, जो किसी अजूबे से कम नहीं है। नीचे बादल, ऊपर पुल ऐसा नजारा शायद ही आपने कभी देखा होगा। लेकिन जम्मू कश्मीर में रियासी जिले के अंदर चिनाब नदी (Chenab River Bridge) पर बना पुल किसी अजूबे से कम नहीं है।

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रेलवे के लिए थी बड़ी चुनौती

दरअसल, रेलवे का यह प्रोजेक्ट अंतिम चरणों में है। 18 साल की मेहनत के बाद यह पुल तैयार होकर खड़ा होने जा रहा है। यह पुल घाटी में कई मायने रखता है। नदी पर नीचे बादल ऊपर पुल (Chenab River Bridge) देखकर आप रोमांचित हो जाएंगे। चिनाब नदी (Chenab River Bridge) पर बनाया जा रहा यह पुल रेलवे के लिए आसान नहीं था। क्योंकि क्षेत्र का माहौल कर्मचारी और इंजीनियरों के लिए चुनौती भरा रहा है। क्योंकि इस जगह पहुंचने के लिए कोई साधन नहीं था।

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यहां तक जाने के लिए सिर्फ हेलीकॉप्टर से ही जाया जा सकता है। रेलवे को 111 किमी की रेलवे लाइन डालने के लिए पहले रेलवे को 205 किलोमीटर की सड़क बनी पड़ी। तो वही चिनाब पुल (Chenab River Bridge)  तक पहुंचने के लिए 26 किलोमीटर की लाइन डाली गई। इतना ही नहीं रास्ते में रेलवे को कई ब्रिज और टनल बनाने पड़े। इसके बाद ही चिनाब ब्रिज (Chenab River Bridge)  का काम शुरू हो पाया।

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कैसा है चिनाब नदी का पुल (Chenab River Bridge) 

चिनाब नदी (Chenab River Bridge) पर बनाए गए पुल को कौड़ी और वक्कल को आपस में जोड़ा गया है। इस पुल की बात करे तो इसकी ऊंचाई नदी के तल से 359 मीटर है। जो दिल्ली के कुतुब मीनार से पांच गुना ज्यादा ऊंचा है। रेलवे ने इस प्रोजेक्ट को पूरा करने के लिए 2022 तक का लक्ष्य रखा है। शुरूआत में इस पुल (Chenab River Bridge) की लागत करीब 500 करोड़ रूपये आंकी गई थी। लेकिन इसे बनाने में रेलवे को 1100 करोड़ रूपये खर्च करने पड़े।

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रेलवे के लिए सबसे बड़ी चुनौती आसपास के पहाड़ थे। क्योंकि नदी (Chenab River Bridge) पर बने इस पुल से 100 से 150 किमी प्रतिघंटा की रफ्तार से हवाएं चलती है। हालांकि रेलवे ने इस पुल को इतनी मजबूती से बनाया गया है कि 260 किमी की रफ्तार से हवांए चले तो पुल को कुछ नहीं होगा। रेलवे द्वारा इस पुल (Chenab River Bridge) की उम्र 100 साल से अधिक आंकी गई है। खास बात यह है कि इस पुल में जंग नहीं लगेगी।

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