मकान मालिकों के लिए काम की खबर: नगर निगम को देनी होगी किरायेदारों की जानकारी, वरना लगेगा जुर्माना

मकान मालिकों के लिए काम की खबर: नगर निगम को देनी होगी किरायेदारों की जानकारी, वरना लगेगा जुर्माना

Jabalpur News: जबलपुर नगर निगम ने किराएदारों की जांच प्रक्रिया शुरू की है। इसके तहत निगम की टीम लोगों के घर जा रही है। जिन घरों में किरायेदार रहते हैं। उनके मालिकों से टैक्स वसूला जा रहा है। राजस्व उपायुक्त पीएन सनखेरे के अनुसार, किरायेदारों की जांच का काम जारी रहेगा।

तीन महीने तक सर्वे कराया गया

पीएन सनखेरे के अनुसार, नगर निगम सीमा में 15,500 किरायेदार है, जिसमें दुकान और घर शामिल है। इसके लिए तीन महीने सर्वे हुआ। लोगों को जागरूक किया गया कि वह अपने किरायेदारों की जानकारी दें। इसके लिए आखिरी तारीख 30 नवंबर थी।

यह भी पढ़ें- सरकारी कर्मचारियों की छुट्टी पर गिरी गाज, 26 जनवरी तक नहीं ले सकेंगे अवकाश

निगम किरायेदारों की जानकारी ले रहा

अब नगर निगम का अमला घर-घर जाकर किरायेदारों की जानकारी इकट्ठा कर रहा है। मकान मालिकों से किरायेदारी टैक्स वसूला जा रहा है। पीएन सनखेरे ने कहा कि अगर किसी मकान मालिक ने किरायेदार की जानकारी नगर निगम को नहीं दी तो पांच गुना पेनाल्टी लगेगी।

सनखेरेने कहा, '27 हजार से ज्यादा किरायेदारों की लिस्ट तैयार की गई है।' इससे मकान मालिकों के टैक्स में वृद्धि होगी, जिससे नगर निगम का राजस्व बढ़ेगा। निगम के खजाने में करीब तीन करोड़ रुपये अतिरिक्त जमा होंगे।

publive-image

उपभोक्ताओं को सोलर रूफटॉप के बताए फायदे

एमपी पूर्व क्षेत्र विद्युत कंपनी द्वारा ऊर्जा रथ संचालित किया जा रहा है। जिसके जरिए ऊर्जा बचत के महत्व को लोगों तक पहुंचाया जा रहा है। ऊर्जा रथ शहर में उपभोक्ताओं को बिजली बचाने के उपाय, सोलर रूफटॉप के फायदे और स्मार्ट मीटर की विशेषता बता रहा है।

नामांतरण के चार हजार से अधिक प्रकरणों का निराकरण हुआ

राजस्व प्रकरणों के त्वरित निराकरण के लिए राजस्व महाअभियान 3.0 के तहत जिले में 56 हजार 176 राजस्व प्रकरणों का निराकरण किया गया। कलेक्टर कार्यालय की भू-अभिलेख शाखा के अनुसार, महाअभियान के तहत नामांतरण के चार हजार से अधिक मामलों का निराकरण किया गया। नक्शा बटांकन के 13 हजार प्रकरणों को निपटाया गया।

हालांकि 1.50 लाख से अधिक प्रकरण पेंडिंग है। अभी तक निराकृत किए गए राजस्व प्रकरणों में नामांतरण के चार हजार 586, बंटवारा के 197 और पीएम किसान ई-केवाईसी के दो हजार 880 प्रकरण शामिल हैं।

यह भी पढ़ें- सरकारी कर्मचारियों के लिए खुशखबरी: मिलेगा 27 महीने का एरियर, तृतीय समयमान वेतनमान का लाभ भी

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article