No Mandatory Vaccination: जबरन वैक्सीन नहीं लगा सकती सरकार, वैक्सीन सर्टिफिकेट जरूरी नहीं

भारत में वैक्सीनेशन का एक साल पूरा हो गया है। केंद्रिय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि स्वास्थ्य मंत्रालय के कोविड-19 टीकाकरर्देशों मेंण दिशानि किसी व्यक्ति की सहमति के बिना उसका जबरन टीकाकरण कराने की बात नहीं की गई है। न ही केंद्र सरकार ने ऐसा कोई निर्देश जारी किया है, जिसमें वैक्सीन सर्टिफिकेट जरूरी हो।

No Mandatory Vaccination: जबरन वैक्सीन नहीं लगा सकती सरकार, वैक्सीन सर्टिफिकेट जरूरी नहीं

नई दिल्लीः भारत में वैक्सीनेशन का एक साल पूरा हो गया है। केंद्रिय स्वास्थ्य मंत्री मनसुख मंडाविया ने सुप्रीम कोर्ट में कहा कि स्वास्थ्य मंत्रालय के कोविड-19 टीकाकरर्देशों मेंण दिशानि किसी व्यक्ति की सहमति के बिना उसका जबरन टीकाकरण कराने की बात नहीं की गई है। न ही केंद्र सरकार ने ऐसा कोई निर्देश जारी किया है, जिसमें वैक्सीन सर्टिफिकेट जरूरी हो।

इतने लोगों को दी गई वैक्सीन की खुराक

कोर्ट में दाखिल एक हलफनामे में स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा है कि भारत का टीकाकरण कार्यक्रम दुनिया में सबसे बड़ा है और 11 जनवरी 2022 तक टीके की कुल 1,52,95,43,602 खुराक दी जा चुकी थीं।देश में 90.84 प्रतिशत पात्र आबादी को टीके की पहली खुराक और 61 प्रतिशत आबादी को दूसरी खुराक लग चुकी है। हलफनामे में कहा गया है, 'इसके अलावा, दिव्यांग व्यक्तियों को कुल 23,768 खुराक दी गई हैं।

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article