छिंदवाड़ा में जहरीले कफ सिरप से एक और मौत: अब तक 12 बच्चों की गई जान, रिपोर्ट-सिरप में 0.1% के बजाय 48.6% केमिकल

Chhindwara Cough Syrup Deaths: छिंदवाड़ा में जहरीले कफ सिरप से बच्चों की मौतें जारी हैं। शनिवार देर रात एक और बच्चे की मौत के बाद आंकड़ा 12 पहुंच गया। सरकार ने सिरप की बिक्री पर रोक लगाई।

MP Children Death: तमिलनाडु और हिमाचल से आया बच्चों की मौत वाला कफ सिरप, सिर्फ छिंदवाड़ा में बैन, पूरे प्रदेश में बिक्री

हाइलाइट्स

  • जहरीले कफ सिरप से एक और बच्चे की मौत
  • अब तक गई 12 बच्चों की मौत
  • रिपोर्ट- सिरप में 0.1% की बजाय 48.6% DEG

Chhindwara Cough Syrup Deaths: छिंदवाड़ा में जहरीले कफ सिरप से बच्चों की मौत का सिलसिला थम नहीं रहा। शनिवार, 4 अक्टूबर की देर रात एक और मासूम ने दम तोड़ दिया है। इसी के साथ जहरीले कफ सिरप से अब तक 12 बच्चों की जान चली गई है। अब जहरीले कफ सिरप (coldrif) पर छत्तीसगढ़ में भी बैन लगा दिया गया है।

एमपी सरकार की रिपोर्ट में भी कफ सिरफ जहरीला

कोल्ड्रिफ कफ सिरप के जहरीले होने की पुष्टि तमिलनाडु सरकार ने शुक्रवार, 3 अक्टूबर की देर रात की थी। जिसमें बताया गया था कि श्रीसन फार्मास्यूटिकल कंपनी के कफ सिरप में 48.6% डाईथाइलीन ग्लॉयकाल (डीईजी) मिला है। इसके बाद शनिवार, 4 अक्टूबर की देर रात मध्यप्रदेश सरकार की भी 3 जांच रिपोर्ट सामने आईं। इसमें भी सिरप में डीईजी 46.20% पाया गया।
जानकारों के मुताबिक कफ सिरप में DEG को 0.1% से अधिक नहीं मिलाया जा सकता, क्योंकि यह जहरीला होता है।

[caption id="attachment_908414" align="alignnone" width="889"]publive-image एमपी में कोल्ड्रिफ कफ सिरप पर बैन लगाया गया।[/caption]

जांच के लिए सैंपल भेजने में लगा दिए 10-15 दिन

इससे पहले मप्र सरकार ने सिरप और इसे बनाने वाली कंपनी श्रीसन के सभी उत्पादों पर बैन लगा दिया। देर रात कंपनी संचालकों के खिलाफ छिंदवाड़ा में FIR दर्ज की गई। हालांकि, पूरे केस में स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आई है। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने प्रेस रिलीज में बताया कि शुरुआत में मौतों को लेप्टोस्पायरोसिस (संक्रमणजनित बुखार) समझा गया। जांच में एक ही केस पॉजिटिव मिला। फिर भी सैंपल तमिलनाडु भेजने में 10-15 दिन लगाए। पहली मौत 4 सितंबर को हुई। तमिलनाडु से रिपोर्ट 4 अक्टूबर को आई। मंत्रालय ने कहा- पहले जांच हो जाती तो 7 से 8 बच्चे बच जाते। साथ ही केंद्र सरकार ने कहा कि प्रदेश सरकार स्लीपिंग मोड में थी।

इन मासूमों की गई जान...

  1. शिवम राठौड़ परासिया (4 साल), छिंदवाड़ा
  2.  उसैद खान परासिया (4 साल), छिंदवाड़ा
  3.  ऋषिका पिपरे परासिया ( 5 साल), छिंदवाड़ा
  4. हितांश सोनी परासिया (4 साल), छिंदवाड़ा
  5. विकास यदुवंशी परासिया (3 साल), छिंदवाड़ा
  6.  योगिता ठाकरे परासिया (4 साल), छिंदवाड़ा
  7.  अदनान खान परासिया (5 साल), छिंदवाड़ा
  8. श्रेया यादव परासिया (2 साल), छिंदवाड़ा
  9. योगिता विश्वकर्मा (4 साल)
  10.  दिव्यांश (3 साल)
  11.  विधि (परासिया)
  12. संध्या (1 साल) परासिया

नोट: योगिता विश्वकर्मा और दिव्यांश की मौत सरकारी रिकॉर्ड में अभी दर्ज नहीं है।

इलाज करने वाला डॉक्टर गिरफ्तार

छिंदवाड़ा में जहरीले कफ सिरप से जान गंवाने वाले 12  बच्चों में 11 परासिया तहसील के थे। इनका इलाज डॉ. प्रवीण सोनी ने किया था। श्रीसन कंपनी के मप्र में मुख्य स्टॉकिस्ट जबलपुर के राजपाल कटारिया हैं। कटारिया ने एसआर-13 बैच की 554 बोतलें छिंदवाड़ा भेजीं थीं। इनमें से 334 बोतलें 'न्यू अपना मेडिकल' को दी गई, जिनमें से 300 शीशी बिक चुकी हैं। यह मेडिकल स्टोर डॉ. प्रवीण सोनी के भतीजे राजेश सोनी का है। हालांकि डॉ. प्रवीण सोनी को शनिवार देर रात गिरफ्तार कर लिया गया है।

सस्पेंड डॉ. प्रवीण सोनी जबलपुर अटैच, देखें आदेश

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छिंडवाड़ा में कफ सिरप से बच्चों की मौत के मामले में सुर्खियों में आए डॉ. प्रवीण सोनी को लापरवाही के लिए सस्पेंड कर दिया गया है। इसके बाद स्वास्थ्य विभाग ने रविवार, 5 अक्टूबर को उन्हें जबलपुर मुख्यालय अटैच करने के आदेश जारी किए हैं।

तमिलनाडु ने 3 दिन में दी रिपोर्ट, एमपी में 6 दिन लगे

मप्र के फूड एंड ड्रग कंट्रोलर दिनेश कुमार मौर्य ने बताया कि संदिग्ध सिरप की जांच के लिए 1 अक्टूबर 2025 को तमिलनाडु को लेटर भेजा गया था। वहां से तीसरे दिन रिपोर्ट आई। मप्र में 29 सितंबर को 19 सैंपल भेजे गए। शनिवार तक 7 रिपोर्ट आईं।

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Chhindwara Cough Syrup Case: कोल्ड्रिफ कफ सिरप से हुई 11 मौत के जिम्मेदारों को किसी कीमत पर नहीं छोड़ेंगे- CM यादव

Chhindwara Cough Syrup Case

Chhindwara Cough Syrup Case: मध्यप्रदेश में करीब 11 मासूम बच्चों की कफ सिरप के सेवन से हुई मौत के बाद प्रदेश सरकार ने कंपनी के खिलाफ एक्शन शुरू कर दिया है। सीएम मोहन यादव ने बच्चों की मौत के जिम्मेदारों पर सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्पष्ट कहा हैं कि जहरीली कोल्ड्रिफ कफ सिरप के पीछे जितने जिम्मेदार हैं, उन्हें किसी भी कीमत पर छोड़ा नहीं जाएगा। पूरी खबर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें...

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