आरआई भर्ती परीक्षा पेपर लीक कांड में बड़ा खुलासा: EOW ने अदालत में 3000 पन्नों का चालान पेश किया, 100 से ज्यादा कैंडिडेट्स तक पहुंचा पेपर

(रिपोर्ट: अनंत, रायपुर) आरआई भर्ती परीक्षा 2024 पेपर लीक मामले में EOW ने 3000 पन्नों का चालान पेश किया। आरोपियों ने परीक्षा से पहले प्रश्नपत्र बेचकर अभ्यर्थियों को होटल में तैयारी कराई। 100+ कैंडिडेट्स तक पेपर पहुंचने की पुष्टि हुई।

RI Exam Paper Leak Case

Chatiisgarh (CG) RI Exam Paper Leak Case: छत्तीसगढ़ में राजस्व निरीक्षक (RI) विभागीय भर्ती परीक्षा 2024 से जुड़े पेपर लीक मामले में आर्थिक अपराध अन्वेषण ब्यूरो (EOW) ने बड़ा खुलासा करते हुए 17 फरवरी 2026 को माननीय न्यायालय में लगभग 3000 पृष्ठों का प्रथम चालान प्रस्तुत किया है। इस मामले में सहायक सांख्यिकी अधिकारी विरेंद्र जाटव और हेमंत कुमार कौशिक को आरोपी बनाया गया है।

यह भी पढ़ें: छत्तीसगढ़ बिरनपुर हिंसा: सभी 17 आरोपियों को सबूतों के अभाव में जिला कोर्ट ने किया बरी, 2023 में पिता-पुत्र को लाठियों से पीट-पीटकर मारा था

क्या सामने आया EOW की जांच में 

EOW की जांच में सामने आया है कि 7 जनवरी 2024 को आयोजित होने वाली परीक्षा से पहले ही प्रश्नपत्र चुनिंदा अभ्यर्थियों तक पहुँचा दिए गए थे। आरोप है कि प्रश्नपत्र टाइपिंग प्रक्रिया के दौरान ही लीक कर दिए गए और रकम के बदले अभ्यर्थियों को उपलब्ध कराए गए।

जांच में यह भी खुलासा हुआ कि केवल प्रश्नपत्र देना ही नहीं बल्कि अभ्यर्थियों को परीक्षा से पहले होटल में ठहराकर प्रश्न हल करने की प्रैक्टिस भी कराई गई। आरोपियों ने अलग-अलग जिलों से आए अभ्यर्थियों को रायपुर के होटलों, फार्म हाउस और रिसॉर्ट्स में रुकवाया, जहां उन्हें प्रश्न पढ़कर नोट कराए गए और बाद में सबूत मिटाने के लिए लिखे कागज जलाने के निर्देश दिए गए।exam paper

100 से अधिक कैंडिडेट्स तक पहुंचा पेपर

जांच एजेंसी के अनुसार 100 से ज्यादा अभ्यर्थियों तक प्रश्नपत्र पहुंचने की पुष्टि हुई है। डिजिटल साक्ष्यों से यह भी स्पष्ट हुआ कि विभिन्न माध्यमों से प्रश्नपत्र पटवारी अभ्यर्थियों तक पहुंचाया गया और इसके बदले धनराशि ली गई।

रिश्तेदारों की भी मदद ली गई

विवेचना में सामने आया कि आरोपियों ने अपने रिश्तेदारों का भी उपयोग किया। ये लोग अलग-अलग ठिकानों पर जाकर अभ्यर्थियों को प्रश्न नोट कराने की प्रक्रिया में शामिल थे।

CDR और लोकेशन से मिली पुष्टि

कॉल डिटेल रिकॉर्ड (CDR) विश्लेषण में परीक्षा से एक रात पहले कई अभ्यर्थियों और आरोपियों की लोकेशन समान पाई गई। टावर लोकेशन से यह पुष्टि हुई कि आरोपी रात भर विभिन्न स्थानों पर घूमकर प्रश्न सामग्री वितरित कर रहे थे।

उत्तर पुस्तिकाओं में मिला समान पैटर्न

जांच के दौरान यह भी पाया गया कि साथ ठहरे अभ्यर्थियों के परीक्षा परिणामों में उल्लेखनीय समानता थी। उनके अंक ही नहीं बल्कि सही और गलत उत्तरों के पैटर्न भी एक जैसे पाए गए, जिससे एक समान उत्तर कुंजी से तैयारी के संकेत मिले।

आगे की जांच जारी

प्रकरण में मनी ट्रेल, संभावित अन्य अधिकारियों, राजस्व निरीक्षकों और अन्य व्यक्तियों की भूमिका की जांच जारी है। दण्ड प्रक्रिया संहिता की धारा 173(8) के तहत विवेचना आगे भी जारी रहेगी।

देखने वाली बात यह है कि यह विभागीय परीक्षा पटवारियों को राजस्व निरीक्षक पद पर पदोन्नति के लिए आयोजित की गई थी। 90 पदों के लिए 2600 से अधिक पटवारियों ने परीक्षा दी थी और 29 फरवरी 2024 को परिणाम घोषित कर 216 उम्मीदवारों का चयन प्रशिक्षण हेतु किया गया था।

यह भी पढ़ें: जेल से बाहर आते ही राजपाल यादव की हुंकार- 'पूरा देश मेरे साथ!' बयान हुआ वायरल

RI Paper Leak Case

यह भी पढ़ें: मध्यप्रदेश में प्रमोशन में आरक्षण पर बड़ा अपडेट: पदोन्नति के लिए हर विभाग में बनेगी कमेटी, एमपी सरकार ने दिया जवाब, HC में फैसला सुरक्षित 

RI Exam Paper Leak Case s

यह भी पढ़ें: भोपाल के 36 से अधिक इलाकों में बिजली कटौती: BDA कॉलोनी, मनुआभान टेकरी समेत अन्य क्षेत्र होंगे प्रभावित

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article