छत्तीसगढ़ मेडिकल घोटाले में जांच तेज: तीन IAS अधिकारी रडार पर, IAS भीम सिंह से ACB-EOW की पूछताछ जारी

CG Medical Scam: छत्तीसगढ़ मेडिकल घोटाले में जांच तेज, तीन IAS अधिकारी रडार पर, IAS भीम सिंह से ACB-EOW की पूछताछ जारी

CGMSC Scam

हाइलाइट्स

  • CGMSC घोटाला में तीन IAS अधिकारियों पर शिकंजा
  • IAS भीम सिंह, चंद्रकांत वर्मा और पद्मिनी भोई से पूछताछ
  • तीनों अधिकारियों को समन जारी कर किया गया तलब 

CG Medical Scam: छत्तीसगढ़ मेडिकल सर्विसेज कॉर्पोरेशन (CGMSC) में 660 करोड़ रुपये के घोटाले की जांच में तेजी आ गई है। इस मामले में तीन आईएएस अधिकारी जांच के दायरे में आ चुके हैं।

एसीबी (ACB) और ईओडब्ल्यू (EOW) ने IAS भीम सिंह, चंद्रकांत वर्मा और पद्मिनी भोई से पूछताछ के लिए सरकार से अनुमति मांगी थी। अब इन तीनों अधिकारियों को समन जारी कर तलब किया गया है।

यह भी पढ़ें: छत्तीसगढ़ में भीषण सड़क हादसा: हाइवे पर डिवाइडर से उछल कर ट्रक से जा टकराई XUV, कार सवार 5 लोगों की मौत

IAS अधिकारियों से पूछताछ शुरू

[caption id="" align="alignnone" width="455"]publive-image IAS भीम सिंह, चंद्रकांत वर्मा और पद्मिनी भोई से पूछताछ[/caption]

आज दोपहर से IAS भीम सिंह से पूछताछ जारी है, जो पिछले दो घंटे से चल रही है। इससे पहले बुधवार को IAS चंद्रकांत वर्मा से छह घंटे तक पूछताछ की गई थी। अधिकारियों से टेंडर प्रक्रिया और दस्तावेजों को लेकर सवाल-जवाब हो रहे हैं।

कैसे हुआ 660 करोड़ का घोटाला?

कांग्रेस शासनकाल में CGMSC ने मोक्षित कॉरपोरेशन के जरिए छत्तीसगढ़ की राजकोष को भारी नुकसान पहुंचाया। ऑडिट रिपोर्ट में खुलासा हुआ कि 2022-24 और 2023-24 के दौरान 660 करोड़ रुपये की खरीद बिना बजट आवंटन के की गई।

ऑडिट रिपोर्ट में क्या मिला?

  • जरूरत से ज्यादा दवा और उपकरण खरीदे गए।
  • कई अस्पतालों को ऐसी मशीनें दी गईं, जिनकी जरूरत नहीं थी।
  • 776 प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों को उपकरण सप्लाई किए गए, लेकिन 350 से ज्यादा केंद्रों में भंडारण सुविधा ही नहीं थी।
  • DHS ने बेसलाइन सर्वेक्षण किए बिना ही खरीदारी की।

EOW ने FIR दर्ज की

[caption id="" align="alignnone" width="461"]publive-image जल्द कई अधिकारियों की गिरफ्तारी संभव[/caption]

ईओडब्ल्यू ने अपनी एफआईआर में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों को आरोपी बनाया है। स्वास्थ्य संचालक और CGMSC के MD पर भी गंभीर टिप्पणी की गई है। माना जा रहा है कि जल्द कई अधिकारियों की गिरफ्तारी संभव है।

सरकार को अरबों की चपत

ईओडब्ल्यू की शुरुआती जांच में सामने आया कि अफसरों की मिलीभगत से अरबों रुपये की हेराफेरी की गई। इस घोटाले में शामिल लोगों पर जल्द कार्रवाई की संभावना है।

छत्तीसगढ़ में CGMSC घोटाले का मामला तूल पकड़ रहा है। तीन IAS अधिकारियों की जांच के दायरे में आने के बाद सरकार की मुश्किलें बढ़ सकती हैं। इस घोटाले में गिरफ्तारियों की संभावना से प्रशासन में हलचल है।

यह भी पढ़ें: छत्तीसगढ़ के कांकेर में मकान की दीवार पर ऐसे चढ़ा तेंदुआ, किया मुर्गे का शिकार

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article