गुरुग्राम में छात्र की हत्या मामले में कंडक्टर को फंसाने वाले पुलिसकर्मियों के खिलाफ आरोपपत्र दाखिल

नयी दिल्ली, आठ जनवरी (भाषा) करीब तीन साल जांच के बाद सीबीआई ने सितंबर 2017 में गुरुग्राम में एक निजी स्कूल में सात वर्षीय छात्र की हत्या के मामले में बस कंडक्टर को कथित तौर पर फंसाने के लिए हरियाणा के चार पुलिसकर्मियों के खिलाफ एक आरोपपत्र दाखिल किया है। अधिकारियों ने शुक्रवार को इस बारे में बताया।

स्कूल के भीतर छात्र की आठ सितंबर को उसके सीनियर छात्र ने कथित तौर पर हत्या कर दी थी।

सीबीआई ने पंचकूला में सीबीआई की विशेष अदालत के समक्ष मामले में भोंडसी के थाना प्रभारी नरेंद्र सिंह खटाना, उपनिरीक्षक शमसेर सिंह, एएसआई सुभाष चंद और एसीपी (सोहना) बरेम सिंह के खिलाफ पूरक आरोपपत्र दाखिल किया है।

अधिकारियों ने बताया कि उनपर भारतीय दंड संहिता की धारा 120 बी (आपराधिक साजिश), 166ए (कानून के तहत निर्देश की अवज्ञा), 167 (नुकसान पहुंचाने की मंशा से लोकसेवक द्वारा गलत दस्तावेज पेश करना), 330 (अपराध कबूल करवाने के लिए पुलिस अधिकारी द्वारा किसी को यातना देना) और 506 (आपराधिक डराना-धमकाना) के तहत आरोप लगाए गए हैं।

रेयान स्कूल के शौचालय के पास कक्षा दो के छात्र का आठ सितंबर की सुबह शव मिला। एक घंटे पहले ही छात्र के पिता उसे स्कूल छोड़कर गये थे।

स्थानीय पुलिस ने स्कूल के बस कंडक्टर अशोक कुमार को गिरफ्तार किया और उसके पास से एक चाकू बरामद होने का दावा करते हुए कहा था हत्या में इसी हथियार का इस्तेमाल हुआ।

पुलिस ने तुरंत अपराध की गुत्थी सुलझा लेने का दावा किया और सारा दोष कंडक्टर पर मढ दिया। गुरुग्राम पुलिस के वरिष्ठ अधिकारियों ने उसे मीडिया के सामने भी प्रस्तुत किया था।

मामले में तब मोड़ आया जब सीबीआई ने पुलिस के दावों को खारिज कर दिया और कंडक्टर को बेकसूर बताया।

एजेंसी ने जांच के दौरान शिक्षकों, छात्रों से पूछताछ की और जांच आगे बढ़ी तो स्कूल के कक्षा ग्यारहवीं के छात्र पर शक गहरा गया।

सीबीआई के प्रवक्ता आर सी जोशी ने बताया कि सात नवंबर 2017 को छात्र की हत्या के जुर्म में नाबालिग को पकड़ लिया गया।

उन्होंने कहा, ‘‘सीबीआई की छानबीन के दौरान पता चला कि गुरुग्राम पुलिस द्वारा पूर्व में गिरफ्तार कंडक्टर हत्या मामले में संलिप्त नहीं था। जांच जारी रखी गयी। आगे जांच में पुलिस अधिकारियों की भूमिका सामने आयी और उनके खिलाफ एक पूरक आरोपपत्र दाखिल किया गया।’’

एजेंसी के मुताबिक कक्षा 11 वीं का छात्र पढ़ाई में कमजोर था और उसने यह सोचकर बच्चे का कत्ल कर दिया कि स्कूल में छुट्टी हो जाएगी और पैरेंट टीचर मीटिंग (पीटीएम) तथा परीक्षा टल जाएगी।

आरोपी के खिलाफ हत्या का मुकदमा चल रहा है, वहीं सीबीआई कुमार को फंसाने वाले पुलिसकर्मियों की भूमिका की जांच कर रही है।

भाषा आशीष पवनेश

पवनेश

Share This

0 Comments

Leave a Comment

Login

Welcome! Login in to your account

Remember me Lost your password?

Lost Password