Cash on Delivery Extra Charge: Flipkart समेत ई कॉमर्स कं​पनियां नहीं वसूल पाएंगी एक्सट्रा डिलेवरी चार्ज, होगी कार्रवाई

Cash on Delivery Extra Charge: जीएसटी सुधारों के बाद ऑनलाइन शॉपिंग में तेजी आई है और कई उत्पाद सस्ते हुए हैं। हालांकि, ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स पर कैश ऑन डिलीवरी में अतिरिक्त शुल्क वसूली की शिकायतें भी सामने आई हैं।

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हाइलाइट्स

  • ई-कॉमर्स पर CoD अतिरिक्त शुल्क की जांच शुरू
  • जीएसटी सुधार के बाद ऑनलाइन बिक्री में रेकॉर्ड उछाल
  • उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए कड़ी कार्रवाई

Cash on Delivery Extra Charge: भारत में जीएसटी सुधारों के बाद बिक्री में बंपर तेजी देखी गई है। सरकार का दावा है कि करीब 400 चीजें सस्ती हो गई हैं, जिससे उपभोक्ताओं को राहत मिली है। इस दौरान ऑनलाइन सेल में भी काफी तेजी आई है, लेकिन ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स की ओर से ग्राहकों से अतिरिक्त पैसा लिए जाने की शिकायतें भी मिल रही हैं।

कैश ऑन डिलीवरी (CoD) पर अतिरिक्त शुल्क की शिकायतें

उपभोक्ता मामलों के मंत्रालयने कैश ऑन डिलीवरी (CoD) के लिए ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स की ओर से ग्राहकों से अतिरिक्त पैसा लिए जाने की शिकायतों की जांच शुरू कर दी है। उपभोक्ता मामलों के मंत्री प्रह्लाद जोशी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि उपभोक्ताओं के हितों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी।

डार्क पैटर्न का आरोप 

जोशी ने X पर एक पोस्ट में कहा, 'इस हरकत को डार्क पैटर्न कहा जाता है जिससे उपभोक्ताओं को गुमराह किया जाता है और बेजा फायदा उठाया जाता है।' जोशी ने कहा, 'इन प्लेटफॉर्म्स की गहराई से जांच के कदम उठाए जा रहे हैं। उपभोक्ताओं के अधिकारों का उल्लंघन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी।'

रिफंड में देरी की शिकायतें

उपभोक्ता मामलों के विभाग को शिकायतें मिली हैं कि कुछ ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म ऑर्डर करते समय ही पैसे देने का दबाव उपभोक्ताओं पर बनाने की कोशिश कर रहे हैं और इसके लिए वे कैश ऑन डिलीवरी पर अतिरिक्त चार्ज जोड़ दे रहे हैं, जिससे उपभोक्ता यह विकल्प न चुने। ऐसी शिकायतें भी मिली हैं कि जिस ऑर्डर के लिए पेमेंट हो चुका है, उसके कैंसल होने पर रिफंड में देरी की जा रही है।

नवरात्रि में रिकॉर्ड बिक्री

जीएसटी सुधार लागू होने के बाद नवरात्र के दौरान बिक्री ने कई साल का रिकॉर्ड तोड़ दिया है। त्योहारी खरीदारी में सभी कैटेगरी में बिक्री में भारी उछाल आई। इसमें कार और दोपहिया वाहन शामिल हैं। बड़े स्क्रीन वाले टेलीविजन और स्मार्टफोन की बिक्री भी खूब बढ़ी।

उपभोक्ताओं के लिए सलाह

यदि आप भी ऑनलाइन शॉपिंग करते हैं और कैश ऑन डिलीवरी के लिए अतिरिक्त शुल्क वसूली की शिकायत करते हैं, तो आप उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय की वेबसाइट या हेल्पलाइन नंबर 1915 पर शिकायत दर्ज कर सकते हैं। सरकार उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए कड़ी कार्रवाई कर रही है।

एक नजर में

जीएसटी सुधारों के बाद ऑनलाइन शॉपिंग में तेजी आई है, लेकिन कुछ ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म्स की ओर से ग्राहकों से अतिरिक्त शुल्क वसूली की शिकायतें भी सामने आई हैं। उपभोक्ता मामलों के मंत्रालय इस पर कार्रवाई कर रहा है और उपभोक्ताओं के अधिकारों की रक्षा के लिए कदम उठा रहा है।

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