बलौदाबाजार हिंसा: उपद्रवी पेट्रोल बम लाए थे,भीम रेजिमेंट की सोशल मीडिया पर पोस्ट जांच के घेरे में, CM का अफसरों से सवाल

Balodabazar Violence: इंटेलीजेंस फेल, उपद्रवी पेट्रोल बम लेकर आए थे, भीम रेजिमेंट की सोशल मीडिया पर पोस्ट भी जांच के घेरे में

बलौदाबाजार हिंसा: उपद्रवी पेट्रोल बम लाए थे,भीम रेजिमेंट की सोशल मीडिया पर पोस्ट जांच के घेरे में, CM का अफसरों से सवाल

Balodabazar Violence: छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार में 10 जून के हुई हिंसा को लेकर कई चौंकाने वाले खुलासे होने शुरू हो गए हैं। बताते हैं सतनामी समाज के शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान कुछ उपद्रवी पेट्रोल बम लेकर आए थे। जिन्होंने हिंसा और आगजनी की। इस मामले में पुलिस की इंटेलीजेंस पूरी तरह फेल रही और उपद्रवी अपना काम कर गए।

हिंसा को लेकर भीम रेजिमेंट की भूमिका सवालों के घेरे में आ चुकी है। बताते हैं भीम रेजिमेंट ने सोशल मीडिया पर भड़काऊ मैसेज चलवाए थे।

फॉरेंसिक टीम ने पेट्राल बम और बोतलों में भरा पेट्रोल जब्त किया

publive-image

अब पुलिस कई एंगल से जांच में जुट गई है। मंगलवार की सुबह फॉरेंसिक टीम को जांच में घटनास्थल के आसपास पेट्रोल बम मिले हैं।

फॉरेंसिक टीम को बोतलों में भरे पेट्रोल के अलावा कुछ लिक्विड भी मिले हैं।

इन्हें जब्त कर सैंपल के लिए फॉरेंसिक टीम साथ ले गई है। जो सोची समझी हिंसा की ओर इशारा कर रहे हैं।

यहां बता दें 10 जून की हिंसा में बलौदाबाजार कलेक्टर और एसपी के ऑफिसों में प्रदर्शनकारियों ने आग लगा दी।

इसके अलावा दो दमकल वाहन समेत कई कारों और बड़ी संख्या में दो पहिया वाहनों को आग के हवाले कर दिया।

5 FIR, 73 आरोपी गिरफ्तार, 200 हिरासत में

बलौदाबाजार हिंसा में पुलिस ने मंगलवार को 7 अलग-अलग FIR दर्ज की हैं।

मामले में अब तक 73 आरोपियों को गिरफ्तार किया गया, जबकि 200 लोगों को हिरासत में लिया है।

उपद्रवियों की तलाश के लिए पुलिस की 12 टीमें बनाई हैं। CCTV फुटेज के जरिए टीमों को अलग-अलग जिलों में भेजा गया है।

इतनी बड़ी घटना हो गई, जानकारी कैसे नहीं पहुंची?

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय बलौदाबाजार की घटना से काफी नाराज हैं।

मंगलवार को मीटिंग में CM ने अफसरों से कहा, इतनी बड़ी घटना हो गई आप लोगों तक जानकारी कैसे नहीं पहुंची?

क्यों बैकअप नहीं रखा गया? बैठक में गृहमंत्री विजय शर्मा भी मौजूद थे।

बताया जा रहा है कि अफसरों पर कार्रवाई हो सकती है। वहीं कांग्रेस ने भी जांच के लिए 7 सदस्यीय समिति का गठन किया है।

आंदोलन में कांग्रेस नेताओं का नाम भी सामने आया

publive-image

सरकार की ओर से गृहमंत्री विजय शर्मा ने दावा किया है कि 6 जून को समाज के लोगों के साथ बैठक हो चुकी थी।

उनकी मांग मान ली गई थी। समाज ने कह दिया था हम कोई आंदोलन नहीं करेंगे।

भीम रेजिमेंट नाम का संगठन बलौदाबाजार में 10 जून को भीड़ जुटाने के लिए युवाओं को उकसा रहा था। आंदोलन में कांग्रेस के कुछ नेता भी शामिल थे।

ये भी पढ़ेंमंत्रालय में ऐसी में ब्लास्ट: AC फटने के बाद लगी आग, कर्मचारी केविन से निकले बाहर, आग पर काबू पाया

भीम रेजिमेंट के नाम से सोशल मीडिया पर हुई ये पोस्ट

खुद को भीम रेजिमेंट का प्रमुख बताने वाले दिनेश चतुर्वेदी नाम के युवक ने अपने फेसबुक अकाउंट पर कई ऐसे वीडियो पोस्ट किए हैं।

जिसमें वह 10 जून को लोगों से बलौदाबाजार पहुंचने की अपील कर रहा है।

एक पोस्ट में चतुर्वेदी ने यह कहा है कि गृह मंत्री विजय शर्मा आंदोलन को दबाने की चाल चल रहे हैं।

वह लोगों से अपील करता दिख रहा है कि इस चाल के चक्कर में ना आएं और 10 जून को बलौदाबाजार पहुंचें।

भाजपा सरकार के खिलाफ कुछ विवादित टिप्पणियों के साथ भी चतुर्वेदी ने वीडियो पोस्ट किए।

आप ने कहा- आगजनी की घटना सरकार का फेलियर

AAP की प्रदेश सचिव एडवोकेट प्रियंका शुक्ला ने घटना को सरकार का फेलियर बताया और CBI जांच की मांग की है।

उनके मुताबिक अगर 40, 50 लोग भी इकट्ठा हो जाएं, तो IB के कॉल, थाने से कॉल पर पुलिस एक्टिव हो जाती है।

इसके बाद भी कलेक्टर कार्यालय में बड़ी संख्या में लोग इकट्ठा हुए, आगजनी तक मामला पहुंच गया। इसकी निष्पक्ष जांच होनी चाहिए।

कैसे बिगड़े हालात

बलौदा बाजार जिले में स्थित गुफा में लगे धार्मिक चिन्ह जैतखाम को क्षतिग्रस्त करने के मामले में सतनामी समाज के प्रदर्शन ने हिंसक रूप ले लिया था।

सतनामियों ने जिला प्रशासन से शांतिपूर्वक प्रदर्शन करने का वादा किया था, लेकिन इसके बाद बलौदा बाजार स्थित दशहरा मैदान में प्रदर्शन करने पहुंचे प्रदर्शनकारी उग्र हो गए।

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article