Nepal plane crash: नेपाल विमान हादसे में सभी 68 यात्रियों की मौत, राहत बचाव अधिकारी ने दी जानकारी

Nepal plane crash: नेपाल विमान हादसे में सभी 68 यात्रियों की मौत, राहत बचाव अधिकारी ने दी जानकारी Nepal plane crash: All 68 passengers died in Nepal plane crash, relief rescue officer gave information

Nepal plane crash:  नेपाल विमान हादसे में सभी 68 यात्रियों की मौत, राहत बचाव अधिकारी ने दी जानकारी

Nepal plane crash: नेपाल में उस वक्त अफरातफरी मच गया, जब नेपाल के पोखरा में एक यात्री विमान दुर्घटनाग्रस्त हो गया। प्लेन में 5 भारतीय नागरिकों समेत 14 विदेशी सवार थे। फ्लाइट में कुल 68 यात्री सवार थे। जबकि 4 क्रू मेंबर थे। ताजा अपडेट के अनुसार, हादसे में सभी 68 यात्रियों की मौत हो चुकी है। अभी तक दुर्घटनास्थल से 68 शव बरामद किए जा चुके हैं और 4 शवों की खोज जारी है।

publive-image

एक अधिकारी ने बताया कि अभी तक दुर्घटनास्थल से 68 शव बरामद किए जा चुके हैं। चार और शव बरामद करने के प्रयास जारी हैं। वहीं बताते चलें कि हादसे में मरने वाले पांच भारतीयों की पहचान अभिषेक कुशवाहा, विशाल शर्मा, अनिल कुमार राजभर, सोनू जायसवाल और संजय जायसवाल के रूप में हुई है।

हादसे की प्रारंभिक वजह आई सामने

आमतौर पर किसी यात्री विमान के हादसे के पीछे ज्यादातर मौकों पर मौसम ही कारण होता है। लेकिन नेपाल हादसे की मुख्य वजह तकनीकी खराबी बताई गई है। नेपाल की एयरपोर्ट अथॉरिटी का कहना है कि विमान हादसा मौसम नहीं बल्कि तकनीकी खराबी की वजह से हुआ।

पायलट ने लैंडिंग के लिए परमिशन ले ली थी

बता दें कि जैसे ही पायलट को विमान में तकनीकी खराबी का पता चला तब उसने विमान को एटीसी से लैंडिंग के लिए परमिशन ले ली थी। एयरपोर्ट अथॉरिटी ने बयान में बताया कि विमान के पायलट ने पोखरा एटीसी की ओर से लैंडिंग के लिए ओके भी कह दिया गया था, लेकिन लैंडिग से पहले ही विमान में आग गई। सिविल एविएशन अथॉरिटी का कहना है कि लैंडिंग से ठीक पहले विमान में आग की लपटें दिखाई दी थीं इसलिए मौसम की खराबी के कारण दुर्घटना हुई, ये बात नहीं कही जा सकती।

एयरपोर्ट कंट्रोल रूम पहुंचे पीएम प्रचंड

वहीं हादस की सूचना के बाद प्रधानमंत्री प्रचंड काफी सक्रिय दिखाई दे रहे है। पीएम प्रचंड और गृह मंत्री रवि लामिछाने इमरजेंसी मीटिंग खत्म के बाद सीधे काठमांडू के त्रिभुवन एयरपोर्ट पहुंचे है। वह कंट्रोल रूम में पहुंचकर ताजा हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं। हादसे के कारणों की जांच के लिए पांच सदस्यीय कमेटी का गठन किया गया है।

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article