Afzal Ansari: सांसद नहीं रहा अफजाल अंसारी, लोकसभा सचिवालय ने खत्म की सदस्यता

बीते 29 अप्रैल को कोर्ट ने गैंगस्टर से नेता बने मुख्तार अंसारी के अलावा उनके भाई अफजाल अंसारी को कृष्णानंद राय की हत्या में दोषी ठहराया था।

Afzal Ansari: सांसद नहीं रहा अफजाल अंसारी, लोकसभा सचिवालय ने खत्म की सदस्यता

Afzal Ansari: बीते 29 अप्रैल को कोर्ट ने गैंगस्टर से नेता बने मुख्तार अंसारी के अलावा उनके भाई अफजाल अंसारी Afzal Ansari को कृष्णानंद राय के अपहरण और हत्या मामले में दोषी ठहराया था। जहां मुख्तार अंसारी को 10 साल की कैद की सजा सुनाई गई थी, वहीं अफजाल अंसारी को 4 साल की कैद के साथ 1 लाख का जुर्माना भी लगाया था।

सजा सुनाए जाने के बाद गाजीपुर से बसपा सांसद अफजाल अंसारी की संसद सदस्यता रद्द कर दी गई है। लोकसभा सचिवालय ने नोटिस भेज इसकी जानकारी दी है।

[caption id="attachment_214872" align="alignnone" width="628"]loksabha_secretariat लोकसभा सचिवालय ने खत्म की अफजाल अंसारी की संसद सदस्यता[/caption]

नियम के मुताबिक, अगर किसी सांसद को 2 या इससे ज्यादा साल की कैद की सजा सुनाई जाती है, तो उनसे सदन की सदस्यता छीन ली जाती है। सजा सुनाए जाने के बाद आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला की भी संसद सदस्यता खत्म कर दी गई थी। हाल ही में मोदी सरनेम मानहानि मामले में भी राहुल गांधी को सूरत कोर्ट ने 2 साल की कैद की सजा सुनाई थी। जिसके बाद गांधी की संसद सदस्यता रद्द कर दी थी।

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उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले की एक अदालत ने बसपा से  गाजीपुर सांसद अफजाल अंसारी को भाजपा विधायक कृष्णानंद राय के 2005 में अपहरण और हत्या मामले में दोषी पाया था। बता दें कि भाजपा विधायक राय की एक शादी समारोह से घर लौटते वक्त गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। गोलीकांड में राय के लिए 6 और लोगों की भी जान चली गई थी।

अफजाल अंसारी का राजनीतिक करियर

बता दें कि पहली बार 2004 में अफजाल अंसारी सांसद चुने गए थे। उस वक्त वह सपा के साथ थे, लेकिन 2005 में कृष्णानंद राय की हत्या की मामले में अंसारी को जेल जाना पड़ा। 2009 लोकसभा चुनाव में उन्हें सपा ने टिकट नहीं दिया तो उन्होंने बसपा का दामन थाम लिया। वह बसपा से खड़े हुए, लेकिन सपा के प्रत्याशी ने उन्हें हरा दिया। साल 2014 में बलिया सीट से उन्होंने कौमी एकता दल के टिकट पर चुनाव लड़ा लेकिन एक बार फिर उन्हें हार मिली। 2017 में सपरिवार अफजाल बसपा में फिर शामिल हो गए। 2019 लोकसभा चुनाव में अफजाल ने बसपा से गाजीपुर लोकसभा सीट से चुनाव लड़ा और इस बार जीत मिल गई। तब से गाजीपुर के सांसद थे।

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