Hadtaal: राजधानी में कोरोना वैक्सीन पर मंडराने लगा खतरा, 19 हजार स्वास्थ्यकर्मी हड़ताल पर...

Hadtaal: राजधानी में कोरोना वैक्सीन पर मंडराने लगा खतरा, 19 हजार स्वास्थ्यकर्मी हड़ताल पर... 19 thousand health workers on strike, threat put on corona vaccine in the capital ...

Hadtaal: राजधानी में कोरोना वैक्सीन पर मंडराने लगा खतरा, 19 हजार स्वास्थ्यकर्मी हड़ताल पर...

भोपाल। प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर ने मकर तबाही मचाई है। हालांकि अब कोरोना की रफ्तार कम होती दिख रही है। रोजाना 5 हजार से कम मरीज सामने आ रहे हैं। अभी भी कोरोना का कहर काफी हद तक बना हुआ है। वहीं 19 हजार संविदा स्वास्थ्य कर्मी हड़ताल पर बैठ गए हैं। स्वास्थ्यकर्मियों के हड़ताल पर जाने से प्रदेश में चलाया जा रहा किल कोरोना अभियान और वैक्सिनेशन प्रभावित हो सकता है। हड़ताल पर जाने वाले करीब 19 हजार से ज्यादा कर्मचारी, जिनमें डॉक्टर, नर्स, लैब टेक्नीशियन, फार्मासिस्ट, ANM (Auxiliary Nursing Midwifery), डाटा एंट्री ऑपरेटर जैसे कई कर्मचारी मुख्य पदों पर कार्यरत हैं।

बता दें कि संविदा स्वास्थ्यकर्मियों की मांग है कि उन्हें नियमित कर्मचारियों के समान 90 फीसदी सैलरी दी जाए। इसके साथ ही निष्काषित संविदाकर्मियों को बहाल करने की मांग भी की है। बता दें कि इसको लेकर संविदा स्वास्थ्यकर्मियों ने 18 मई को कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा था। इस ज्ञापन में मांगें पूरी न होने पर 24 मई को हड़ताल पर जाने की चेतावनी दी थी। अब स्वास्थ्यकर्मियों के हड़ताल पर जाने के बाद से कोरोना वैक्सीन और किल कोरोना अभियान प्रभावित हो सकता है। कोरोना के कहर को देखते हुए प्रदेश में कोरोना कर्फ्यू को 31 मई तक बढ़ा दिया गया था।

कोरोना कर्फ्यू में ढील देने का फैसला

अब प्रदेश के जिन जिलों में कोरोना संक्रमण की रफ्तार कम है वहीं कोरोना कर्फ्यू में ढील देने का फैसला लिया गया है। हालांकि एक साथ पूरी छूट नहीं मिलेगी। वहीं प्रदेश के 6 जिलों में कोरोना कर्फ्यू के अनलॉक की प्रक्रिया शुरू करने का फैसला लिया गया है। रविवार को क्राइसिस मैनेजमेंट की बैठक में इसका फैसला लिया गया है। अब प्रदेश के 6 जिले झाबुआ, गुना, अलीराजपुर, खंडवा, बुरहानपुर और भिंड में कोरोना कर्फ्यू में थोड़ी राहत दी जाएगी। बता दें कि प्रदेश के यही जिले हैं जहां कोरोना की रफ्तार धीमी है। नए फैसले के तहत सोमवार को किराना, सब्जी-फल और आवश्यक वस्तुओं की दुकानें खुलने की छूट दी गई है। हालांकि बाजार बंद रहेंगे लेकिन एकल दुकानें खुल सकती हैं। वहीं सरकारी कर्मचारियों की दफ्तर में संख्या 10 प्रतिशत से बढ़ाकर 25 प्रतिशत कर दी गई है। अब 25 प्रतिशत कर्मचारी ऑफिस जा सकेंगे।

बता दें कि प्रदेश में अनलॉक की शुरुआत इन जिलों से की जा रही है। इन जिलों में अनलॉक के बाद भी कोरोना मामलों में बढ़ोतरी नहीं हुई तो 1 जून से पूरे प्रदेश में अनलॉक की प्रक्रिया शुरू हो जाएगी। सरकार ने 1 जून से कोरोना कर्फ्यू हटाने की तैयारी भी शुरू कर दी है। जिन जिलों में कोरोना के ज्यादा मामले हैं वहां माइक्रो कंटेनमेंट जोन बनाकर संक्रमण की चेन तोड़ी जाएगी। बता दें कि प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर के बाद कोरोना कर्फ्यू लगाया गया था।

यह भी पढ़ें
Here are a few more articles:
Read the Next Article